भोपाल। मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल के सबसे पॉश और वीआईपी इलाके ‘चार इमली’ से एक बेहद दुखद और चौंकाने वाली खबर सामने आई है। यहाँ पुलिस मुख्यालय में पदस्थ वरिष्ठ आईपीएस (IPS) अधिकारी संजीव कुमार कंचन की 17 वर्षीय बेटी ने अपने सरकारी आवास में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। घटना की जानकारी मिलते ही प्रशासनिक और पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया।
सूचना मिलते ही हबीबगंज थाना पुलिस और फोरेंसिक विशेषज्ञों की टीम तुरंत मौके पर पहुंची। पुलिस को मृतका के कमरे से कोई भी सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ है, जिसके कारण खुदकुशी के शुरुआती कारणों का पता नहीं चल सका है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है।
सरकारी आवास की दूसरी मंजिल पर दुपट्टे से लटका मिला शव
प्राप्त जानकारी के अनुसार, एआईजी संजीव कुमार कंचन का परिवार चार इमली स्थित शासकीय बंगले में रहता है। बुधवार को दोपहर के समय यह आत्मघाती कदम उठाया गया। किशोरी का शव बंगले की दूसरी मंजिल पर स्थित उसके निजी कमरे में दुपट्टे से बने फांसी के फंदे पर झूलता हुआ पाया गया।
घटना के वक्त घर में कोई अन्य सदस्य मौजूद नहीं था। बताया जा रहा है कि आईपीएस अधिकारी संजीव कुमार कंचन अपने दफ्तर गए हुए थे, जबकि मृतका की मां, जो भोपाल कोर्ट में जज के पद पर कार्यरत हैं, वह अदालती कार्यवाही के लिए कोर्ट में थीं। मृतका का बड़ा भाई भी किसी काम से घर से बाहर गया हुआ था।
नौकर ने सबसे पहले देखा मंजर, तुरंत पुलिस को दी सूचना
बुधवार दोपहर करीब दो बजे जब घर का घरेलू सहायक (नौकर) किसी काम से दूसरी मंजिल पर स्थित किशोरी के कमरे की तरफ गया, तो उसने कमरे का दरवाजा खुला देखा। अंदर का खौफनाक मंजर देखते ही उसके होश उड़ गए। किशोरी पंखे से बंधे दुपट्टे के फंदे पर लटकी हुई थी।
नौकर ने तुरंत इस भयावह घटना की जानकारी आईपीएस संजीव कुमार कंचन और परिवार के अन्य सदस्यों को दी। इसके बाद तुरंत स्थानीय हबीबगंज थाने को सूचित किया गया। वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों की मौजूदगी में शव को फंदे से नीचे उतारा गया और घटना स्थल को सील कर दिया गया।
सुसाइड नोट न मिलने से उलझी गुत्थी, जांच में जुटी हबीबगंज पुलिस
इस हाई-प्रोफाइल मामले में पुलिस हर पहलू को बेहद बारीकी से खंगाल रही है। हबीबगंज थाना प्रभारी संजीव चौकसे ने मीडिया को जानकारी देते हुए बताया कि शुरुआती जांच और घटना स्थल के निरीक्षण के दौरान पुलिस को मृतका के पास से या कमरे के किसी भी कोने से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है।
थाना प्रभारी के मुताबिक:
”प्रारंभिक जांच में आत्महत्या के स्पष्ट कारणों का खुलासा नहीं हो पाया है। मृतका की उम्र 17 वर्ष थी। परिवार इस समय गहरे सदमे में है, इसलिए अभी विस्तृत पूछताछ नहीं की जा सकी है। मृतका के मोबाइल फोन, सोशल मीडिया अकाउंट्स और दोस्तों से बातचीत के इनपुट्स खंगाले जा रहे हैं ताकि यह जाना जा सके कि वह पिछले कुछ दिनों से किसी मानसिक तनाव या अवसाद से तो नहीं गुजर रही थी।”
फोरेंसिक टीम ने जुटाए सबूत, पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार
घटना की संवेदनशीलता को देखते हुए भोपाल पुलिस की फोरेंसिक साइंस लेबोरेटरी (FSL) की टीम ने भी बुधवार शाम को ही घटना स्थल का बारीकी से मुआयना किया। कमरे से फिंगरप्रिंट्स और अन्य जरूरी साक्ष्य एकत्र किए गए हैं। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के सही समय और तकनीकी कारणों की आधिकारिक पुष्टि हो सकेगी।
फिलहाल पुलिस इसे प्रथम दृष्टया खुदकुशी का मामला मानकर ही आगे की वैधानिक कार्रवाई कर रही है। इस दुखद घटना के बाद से पूरे चार इमली इलाके और पुलिस महकमे में शोक की लहर है।







