अल्मोड़ा बागेश्वर चमोली चम्पावत देहरादून हरिद्वार नैनीताल पौड़ी गढ़वाल पिथौरागढ़ रुद्रप्रयाग टिहरी गढ़वाल उधम सिंह नगर उत्तरकाशी

‘इस गांव में आकर शर्मसार न करें’, देहरादून के केशरवाला गांव के लोगों ने लगाया बैनर

On: February 14, 2022 12:23 PM
Follow Us:

'इस गांव में आकर शर्मसार न करें', देहरादून के केशरवाला गांव के लोगों ने लगाया बैनर

इस गांव में आकर शर्मसार न करें, वोट  मांगने से पहले सभी राजनीतिक दलों को गांव की सड़क, पानी की समस्या और अन्य समस्याओं को देखकर शर्म आएगी. आजकल चुनाव समर में रायपुर विधानसभा और नगर निगम के वॉर्ड नंबर-1 के केशरवाला के ग्रामीणों को मजबूरन गांव के मुख्य मार्गों पर दो बैनर लगाकर चुनावी प्रत्याशियों को यह चुनौती दी है.

केशरवाला गांव के 80 वर्षीय प्रेमदत्त चमोली बताते हैं कि गांव के लिए सड़क की मांग करते-करते दशक बीत गए, लेकिन आजतक कहीं सुनवाई नहीं हुई है. चमोली बताते हैं कि गांव के समीप पड़ी भूमि पर सेना अपना कब्जा बताती है. जिसके कारण सड़क का निर्माण नहीं हो पा रहा है, जबकि सूचना के अधिकार में मांगे गए राजस्व अभिलेखों में यह उत्तराखंड सरकार की सम्पत्ति है.

करीब 1.5 किमी सड़क की मांग निर्माण के लिए सभी अभिलेखों के साक्ष्य के साथ पीएम,सीएम से लेकर विधायक और मंत्रियों तक अपनी समस्या रख दी गई है, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो रही है. इस कारण देहरादून मुख्यालय से महज 7 किमी दूरी बसे केशरवाला गांव से भी अब लोग पलायन कर रहे हैं. चमोली कहते हैं कि उनका जीवन गांव की मूलभूत सुविधाओं को बनाने के लिए जुटाने में ही निकल गया, लेकिन आज तक इस पर कोई सुनवाई नहीं हो पाई है.

यह भी  पढ़े – रुड़की BJP प्रत्याशी के लिए CM धामी ने मांगे वोट, जनसभा में कोरोना गाइडलाइन की उड़ी धज्जियां

केशरवाला गांव के ही बिशन सिंह राणा बताते हैं कि 2012 में सड़क के लिए क्षेत्रीय विधायक ने 50 लाख की स्वीकृति के साथ जेसीबी से काम शुरू करवाया, लेकिन वह यह कहकर बंद करवा दिया गया कि यह सेना की भूमि है. ग्रामीणों ने इस भूमि पर राजस्व अभिलेखों का साक्ष्य सबके सामने रखा. साथ ही राणा बताते हैं कि अभी भी गांव की आधी आबादी के लिए पेयजल आपूर्ति पूरी नहीं हो पाई है. साथ ही बिजली के खंभे नहीं लग पाए हैं. ग्रामीणों का कहना है कि 2 वर्ष पूर्व गांव नगर निगम क्षेत्र में आया, तो उम्मीद जगी कि कुछ विकास होगा., लेकिन उसके बाद भी आज तक कोई देखने नहीं आया.

ग्रामीणों की समस्या और पोस्टर लगाने के सम्बध में रायपुर विधानसभा के विधायक उमेश शर्मा काऊ से ईटीवी भारत ने फ़ोन पर जानकारी लेनी चाही, तो उन्होंने मामले की जानकारी न होने औए बैठक में होने का हवाला दिया.

फेसबुक पर हमसे जुड़ने के लिए  यहां क्लिक करें, साथ ही और भी Hindi News ( हिंदी समाचार ) के अपडेट के लिए हमें गूगल न्यूज़ पर फॉलो करें. व्हाट्सएप ग्रुप को जॉइन करने के लिए  यहां क्लिक करें,

Share this story

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

और पढ़ें

उत्तराखंड एसटीएफ द्वारा गिरफ्तार पाक एजेंट से बरामद पिस्टल, कारतूस और स्प्रे पेंट की न्यूज़ फोटो।

PM मोदी के दौरे से पहले देहरादून में बड़ी आतंकी साजिश नाकाम; सैन्य ठिकानों की जासूसी कर रहा पाक एजेंट गिरफ्तार

देहरादून में बुजुर्ग व्यक्ति को पत्नी और बेटी द्वारा बंधक बनाए जाने की न्यूज़ इमेज।

देहरादून: घरेलू कलह ने लिया खौफनाक मोड़, पत्नी और बेटी ने बुजुर्ग को बाथरूम में किया कैद; दर-दर भटकने को मजबूर पीड़ित

देहरादून पुलिस का सत्यापन अभियान और बाहरी व्यक्तियों की जांच।

ऑपरेशन क्रैकडाउन: देहरादून में अपराध पर कड़ा प्रहार; 43 हजार बाहरियों का सत्यापन, 4000 संदिग्धों पर गाज और ₹2.5 करोड़ का भारी जुर्माना

देहरादून के वसंत विहार पुलिस थाने के बाहर न्याय की मांग करते पीड़ित परिवार के सदस्य और पुलिस कार्यवाही का सांकेतिक दृश्य।

देहरादून: उरेडा की महिला अधिकारी ने की आत्महत्या, पति समेत ससुराल के 5 सदस्यों पर दहेज हत्या का मुकदमा दर्ज

देहरादून के सहस्रधारा में गहरी खाई में रेस्क्यू ऑपरेशन चलाते हुए एसडीआरएफ (SDRF) के जवान।

देहरादून: सहस्रधारा में दर्दनाक हादसा, 250 मीटर गहरी खाई में गिरने से युवक की मौत, SDRF का बड़ा रेस्क्यू ऑपरेशन

देहरादून में एक घर के प्रवेश द्वार पर खड़ी बुजुर्ग महिला से जानकारी लेते हुए एक महिला और एक पुरुष सरकारी अधिकारी, जो पेंशन सत्यापन फॉर्म भर रहे हैं। बैकग्राउंड में देहारादून की पहाड़ियां दिख रही हैं

देहरादून: फर्जी पेंशनरों की अब खैर नहीं! 15 जून तक चलेगा महा-सत्यापन अभियान, घर-घर दस्तक देंगे अधिकारी

Leave a Comment