Dehradun Police Encounter की एक बड़ी खबर राजधानी देहरादून के प्रेमनगर क्षेत्र से सामने आ रही है। स्वतंत्रता दिवस (15 अगस्त) के मद्देनजर चलाए जा रहे सघन चेकिंग अभियान के दौरान देर रात पुलिस और बदमाशों के बीच जोरदार मुठभेड़ हो गई। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में सहारनपुर का कुख्यात गैंगस्टर रईस दोनों पैरों में गोली लगने से घायल हो गया, जबकि उसका एक अन्य साथी अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से भागने में सफल रहा। घायल बदमाश को तुरंत इलाज के लिए दून अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
Dehradun Police Encounter: दरू चौक पर नाकाबंदी के दौरान शुरू हुआ विवाद
मिली जानकारी के अनुसार, स्वतंत्रता दिवस की सुरक्षा व्यवस्था को दुरुस्त रखने के लिए प्रेमनगर थाना पुलिस टीम 12 और 13 अगस्त की दरमियानी रात दरू चौक के पास वाहनों की चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान बिना नंबर प्लेट की मोटरसाइकिल पर सवार दो संदिग्ध युवक आते हुए दिखाई दिए।
पुलिस टीम ने जब उन्हें रुकने का इशारा किया, तो दोनों ने बाइक की रफ्तार बढ़ा दी और चाय बागान वाले रास्ते की तरफ भागने लगे। पुलिसकर्मियों ने बिना वक्त गंवाए संदिग्धों का पीछा करना शुरू कर दिया।
पीतांबरपुर-बनियावाला मार्ग पर पुलिस टीम पर दागीं गोलियां
खुद को घिरता देख बदमाशों ने पीतांबरपुर-बनियावाला मार्ग के पास अपनी बाइक छोड़ दी और झाड़ियों में छिपकर पुलिस टीम पर सीधे फायरिंग शुरू कर दी। बदमाशों द्वारा की गई ताबड़तोड़ फायरिंग में पुलिस का सरकारी वाहन क्षतिग्रस्त हो गया, हालांकि गनीमत रही कि किसी पुलिसकर्मी को गोली नहीं लगी।
आत्मरक्षा में पुलिस टीम ने भी जवाबी फायरिंग की। इस Dehradun Police Encounter के दौरान पुलिस की गोलियां मुख्य आरोपी रईस के दोनों पैरों में जा लगीं, जिससे वह वहीं गिर पड़ा और पकड़ा गया। वहीं, उसका दूसरा साथी नवाब चाय बागान के घने अंधेरे का फायदा उठाकर भागने में कामयाब रहा, जिसकी तलाश में पुलिस की कई टीमें जुटी हुई हैं।
मौके से हथियार, कुल्हाड़ी और गोकशी के औजार बरामद
मुठभेड़ के बाद पुलिस ने जब इलाके की तलाशी ली, तो मौके से भारी मात्रा में अवैध हथियार और संदिग्ध सामान बरामद हुआ:
- 315 बोर का एक अवैध तमंचा
- दो चले हुए कारतूस के खोखे
- बिना नंबर प्लेट की एक मोटरसाइकिल
- एक चापड़, एक कुल्हाड़ी और दो धारदार छुरियां
- मजबूत नायलॉन की रस्सियां
Dehradun Police Encounter Update: दो साल पुराने मामले में वांछित था आरोपी
पुलिस की प्राथमिक पूछताछ में सामने आया है कि पकड़ा गया गैंगस्टर रईस मूल रूप से उत्तर प्रदेश के सहारनपुर जिले का रहने वाला है। वह करीब दो साल पहले प्रेमनगर थाना क्षेत्र में हुई गोकशी की एक गंभीर वारदात में लंबे समय से वांछित (Wanted) चल रहा था।
रईस के खिलाफ उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश के विभिन्न थानों में गोकशी, चोरी, आर्म्स एक्ट और गैंगस्टर एक्ट जैसे करीब डेढ़ दर्जन (18 से अधिक) संगीन आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। पूछताछ के दौरान आरोपी ने कबूल किया कि वे चाय बागान (टी-स्टेट) इलाके में घूमने वाले आवारा गोवंश की रेकी कर रहे थे ताकि फिर से गोकशी की वारदात को अंजाम दे सकें। पुलिस अब फरार नवाब को पकड़ने के लिए कॉम्बिंग ऑपरेशन चला रही है।





