रांची (झारखंड): झारखंड की राजधानी रांची के प्रसिद्ध पर्यटन स्थल ‘दशम फॉल’ क्षेत्र से पिछले दिनों बरामद हुई एक अज्ञात युवती की लाश के रहस्य से पुलिस ने पूरी तरह पर्दा उठा दिया है। यह मामला एक बेहद खौफनाक और दिल दहला देने वाले हत्याकांड का निकला, जिसे अंजाम देने वाला कोई और नहीं बल्कि मृतका का प्रेमी ही था।
प्रेम में ईर्ष्या, शक और गुस्से के इस जानलेवा कॉकटेल ने एक 18 साल की मासूम लड़की की जान ले ली। पुलिस ने मुख्य आरोपी चेतन मुंडा को गिरफ्तार कर सलाखों के पीछे भेज दिया है।
दशम फॉल में दफन था खौफनाक राज
मामले की शुरुआत 23 जून को हुई, जब रांची के दशम फॉल थाना क्षेत्र के अंतर्गत एक सुनसान इलाके में जमीन के नीचे से एक शव का हिस्सा बाहर निकला हुआ देखा गया। स्थानीय लोगों की सूचना पर जब पुलिस मौके पर पहुंची और खुदाई करवाई, तो वहां से एक अज्ञात युवती का सड़ चुका शव बरामद हुआ।
शव को देखकर यह साफ था कि उसकी बेरहमी से हत्या कर पहचान छुपाने की नीयत से उसे जंगल में दफना दिया गया था। शुरुआती तौर पर पुलिस के पास न तो मृतका की पहचान थी और न ही कातिल का कोई सुराग। इसके बाद दशम फॉल थाने में हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।
एसएसपी ने गठित की विशेष टीम, तकनीकी शाखा ने बदला रुख
मामले की गंभीरता और संवेदनशीलता को देखते हुए रांची के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) राकेश रंजन ने तुरंत एक्शन लिया। उन्होंने बुंडू के अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (SDPO) के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया। इस टीम में दशम फॉल थाना के पुलिस पदाधिकारियों के अलावा, जिला पुलिस की तकनीकी शाखा (Technical Cell) के माहिर कर्मियों और सशस्त्र बलों को शामिल किया गया।
पुलिस टीम ने सबसे पहले मृतका की पहचान सुनिश्चित करने के लिए आस-पास के जिलों और थानों में गुमशुदगी की रिपोर्ट खंगाली। कड़े इनपुट और छानबीन के बाद अज्ञात शव की शिनाख्त हिस्सी कुमारी (18 वर्ष) के रूप में हुई, जो खूंटी जिले के अड़की थाना क्षेत्र की रहने वाली थी।
शक और ईर्ष्या ने बनाया हैवान, 17 जून की रात की पूरी कहानी
ग्रामीण एसपी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में इस पूरे हत्याकांड का सिलसिलेवार ब्योरा दिया। पुलिस जांच और आरोपी से पूछताछ में जो सच सामने आया, वह हैरान करने वाला था। मृतका हिस्सी कुमारी और आरोपी चेतन मुंडा (18 वर्ष, निवासी अड़की, खूंटी) के बीच काफी समय से प्रेम प्रसंग चल रहा था।
घटना से कुछ दिन पहले आरोपी चेतन मुंडा ने हिस्सी कुमारी को गांव के ही किसी अन्य युवक के साथ बातचीत करते और घूमते हुए देख लिया था। बस यही बात चेतन के दिल में चुभ गई। उसके दिमाग में शक का कीड़ा कुलबुलाने लगा और वह अंदर ही अंदर ईर्ष्या की आग में जलने लगा।
17 जून की रात करीब 9 बजे, चेतन ने एक साजिश के तहत हिस्सी कुमारी को मिलने के लिए दशम फॉल थाना क्षेत्र के एक सुनसान इलाके में बुलाया। जब हिस्सी वहां पहुंची, तो चेतन ने उसपर दूसरे युवक को लेकर सवालों की बौछार कर दी। वह उसपर बेवफाई का आरोप लगाने लगा।
अपनी बदनामी और प्रेमी के इस बर्ताव से तंग आकर हिस्सी कुमारी भड़क गई। उसने चेतन को दो टूक लहजे में कह दिया कि वह अब उसके साथ कोई रिश्ता नहीं रखना चाहती और न ही उसके साथ रहेगी।
दुपट्टे से घोंटा गला, गड्ढा खोदकर दफनाई लाश
प्रेमिका के मुंह से रिश्ते को खत्म करने की बात सुनते ही चेतन मुंडा के सिर पर खून सवार हो गया। गुस्से और आक्रोश में आकर उसने हिस्सी कुमारी को दबोच लिया और उसके ही दुपट्टे से उसका गला तब तक घोंटा, जब तक कि उसकी सांसें हमेशा के लिए थम नहीं गईं।
हत्या की इस खौफनाक वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी घबरा गया। उसने सबूत मिटाने और पकड़े जाने के डर से घटनास्थल के पास ही जमीन पर एक गहरा गड्ढा खोदा और हिस्सी के शव को उसमें डाल दिया। उसने गड्ढे को मिट्टी से अच्छी तरह ढक दिया ताकि किसी को भनक न लगे। वारदात के बाद वह हिस्सी कुमारी का मोबाइल फोन लेकर वहां से फरार हो गया।
कुदरत के न्याय और टेक्नोलॉजी ने पहुंचाया सलाखों के पीछे
आरोपी ने भले ही अपराध को छुपाने की पूरी कोशिश की थी, लेकिन कहते हैं कि ‘कानून के हाथ लंबे होते हैं और अपराध कभी छुपता नहीं’। हत्या के कुछ दिनों बाद, बारिश या जंगली जानवरों की वजह से जमीन की मिट्टी खिसक गई और दफनाए गए शव का एक हिस्सा जमीन से बाहर आ गया, जिससे आरोपी की पोल खुल गई।
पुलिस के लिए इस केस को सुलझाने में सबसे बड़ा हथियार बना मृतका का गायब मोबाइल फोन। पुलिस की तकनीकी शाखा ने जब मृतका के मोबाइल नंबर का कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR) निकाला और उसकी लोकेशन ट्रैक की, तो पुलिस को चेतन मुंडा पर गहरा शक हुआ। जब पुलिस ने चेतन को हिरासत में लेकर कड़ाई से पूछताछ की, तो वह ज्यादा देर तक झूठ नहीं टिक पाया और उसने अपना गुनाह कबूल कर लिया।
पुलिस ने बरामद किए मोबाइल और सिम
आरोपी चेतन मुंडा की निशानदेही पर पुलिस ने मृतका हिस्सी कुमारी का जियो (Jio) कंपनी के सिम वाला मोबाइल फोन बरामद कर लिया है, जिसे उसने छुपा कर रखा था। इसके साथ ही पुलिस ने वारदात के वक्त इस्तेमाल किया गया आरोपी चेतन का खुद का मोबाइल फोन भी जब्त कर लिया है। पुलिस अब इन गैजेट्स को फॉरेंसिक जांच के लिए भेज रही है ताकि कोर्ट में आरोपी के खिलाफ पुख्ता सबूत पेश किए जा सकें।
इस त्वरित और सफल कार्रवाई के लिए एसएसपी ने जांच टीम की सराहना की है। फिलहाल आरोपी को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है, और पुलिस चार्जशीट दाखिल करने की तैयारी में जुट गई है ताकि मृतका हिस्सी कुमारी के परिवार को जल्द से जल्द न्याय मिल सके।











