नई दिल्ली/मुंबई: बॉलीवुड अभिनेत्री नोरा फतेही और अभिनेता संजय दत्त एक बार फिर कानूनी मुश्किलों में घिरते नजर आ रहे हैं। आगामी फिल्म ‘केडी: द डेविल’ (KD: The Devil) के हालिया रिलीज गाने ‘सरके चुनर तेरी सरके’ को लेकर भारी बवाल मच गया है। राष्ट्रीय महिला आयोग (NCW) ने इस गाने में दिखाई गई कथित अश्लीलता और अभद्रता पर स्वतः संज्ञान लेते हुए फिल्म की स्टारकास्ट समेत पांच प्रमुख लोगों को समन जारी कर तलब किया है।
NCW ने लिया कड़ा रुख: 24 मार्च को पेशी के आदेश
राष्ट्रीय महिला आयोग (NCW) ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ (Twitter) के माध्यम से इस कार्रवाई की आधिकारिक जानकारी साझा की। आयोग ने राष्ट्रीय महिला आयोग अधिनियम, 1990 के तहत अपनी शक्तियों का प्रयोग करते हुए इस मामले को गंभीरता से लिया है।
आयोग की ओर से जारी समन के अनुसार, नोरा फतेही, संजय दत्त, निर्माता वेंकट के. नारायण (KVN ग्रुप), निर्देशक किरण कुमार और गीतकार रकीब आलम को मंगलवार, 24 मार्च को दोपहर 12:30 बजे आयोग के समक्ष व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होना होगा। आयोग ने यह भी स्पष्ट किया है कि यदि संबंधित पक्ष उपस्थित नहीं होते हैं, तो कानून के अनुसार उनके खिलाफ कठोर दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।
इन धाराओं के उल्लंघन का है आरोप
आयोग का प्रारंभिक तौर पर मानना है कि गाने का फिल्मांकन और इसके बोल ‘यौन उत्तेजक’ (Sexually Suggestive) और आपत्तिजनक हैं। आयोग के अनुसार, यह गाना न केवल भारतीय न्याय संहिता (BNS) और सूचना प्रौद्योगिकी (IT) अधिनियम का उल्लंघन करता है, बल्कि प्रथम दृष्टया POCSO (पॉक्सो) अधिनियम के प्रावधानों के खिलाफ भी प्रतीत होता है।
“पहली नज़र में यह गाना अभद्र और उत्तेजक है, जो भारतीय समाज की मर्यादा और कानून के खिलाफ है। इसे किसी भी हाल में स्वीकार नहीं किया जा सकता।” — NCW की टिप्पणी
NHRC ने भी कसी कमर, कई मंत्रालयों को नोटिस
यह विवाद केवल महिला आयोग तक सीमित नहीं रहा है। राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (NHRC) ने भी इस मामले में हस्तक्षेप करते हुए एक व्यापक जांच का दायरा तैयार किया है। NHRC ने निम्नलिखित संस्थाओं को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है:
- केंद्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड (CBFC)
- इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय
- सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय
- गूगल इंडिया (यूट्यूब के संदर्भ में)
मानवाधिकार आयोग यह सुनिश्चित करना चाहता है कि ऐसे कंटेंट को डिजिटल और सार्वजनिक प्लेटफॉर्म पर प्रसारित होने की अनुमति कैसे मिली, जो समाज की नैतिकता को प्रभावित कर सकता है।
क्या है ‘सरके चुनर’ गाने का विवाद?
फिल्म ‘केडी: द डेविल’ का यह गाना रिलीज होते ही सोशल मीडिया पर ट्रोलिंग का शिकार हो गया था। दर्शकों और आलोचकों का आरोप है कि गाने में नोरा फतेही के डांस मूव्स और कैमरावर्क बेहद ‘द्विअर्थी’ और अश्लील हैं। संजय दत्त की मौजूदगी और गाने के बोलों को लेकर भी सोशल मीडिया पर जमकर विरोध प्रदर्शन हुआ।
विवाद इतना बढ़ गया कि मेकर्स को बचाव की मुद्रा में आना पड़ा। दबाव के चलते निर्माताओं ने आधिकारिक तौर पर इस गाने को यूट्यूब से हटा दिया है। बता दें कि इस गाने को गायिका मंगली ने अपनी आवाज दी है, संगीत अर्जुन जन्या का है और बोल रकीब आलम ने लिखे हैं।
फिल्म ‘केडी: द डेविल’ पर संकट के बादल
ध्रुव सरजा स्टारर इस फिल्म से निर्माताओं को काफी उम्मीदें थीं, लेकिन रिलीज से पहले ही अश्लीलता के आरोपों ने फिल्म की ब्रांड इमेज को धक्का पहुंचाया है। संजय दत्त और नोरा फतेही जैसे बड़े सितारों का नाम इस विवाद में जुड़ने से फिल्म की रिलीज पर भी असर पड़ सकता है।
कानूनी विशेषज्ञों की राय
कानूनी जानकारों का मानना है कि यदि आयोग अपनी जांच में गाने को वास्तव में आपत्तिजनक पाता है, तो संबंधित कलाकारों और निर्माताओं पर भारी जुर्माना और कानूनी कार्रवाई हो सकती है। पॉक्सो और आईटी एक्ट की धाराओं के शामिल होने से यह मामला और भी गंभीर हो गया है।
निष्कर्ष
सिनेमा और कला की स्वतंत्रता बनाम सामाजिक नैतिकता की बहस एक बार फिर ‘सरके चुनर’ गाने के जरिए केंद्र में आ गई है। अब सभी की नजरें 24 मार्च को होने वाली पेशी पर टिकी हैं। क्या फिल्म की टीम आयोग को संतुष्ट कर पाएगी या यह विवाद फिल्म के भविष्य के लिए भारी पड़ेगा? यह आने वाला वक्त ही बताएगा।











