बागेश्वर (उत्तराखंड): उत्तराखंड के पहाड़ी क्षेत्रों में सड़क हादसों का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। ताजा मामला जनपद बागेश्वर की कपकोट तहसील से सामने आया है, जहाँ शुक्रवार शाम एक बोलेरो वाहन अनियंत्रित होकर गहरी खाई में जा गिरा। इस हृदयविदारक हादसे में वाहन सवार दो बुजुर्ग महिलाओं की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि पांच अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए हैं। प्रशासन और रेस्क्यू टीम ने स्थानीय लोगों की मदद से घायलों को अस्पताल पहुँचाया है।
कैसे हुआ हादसा?
प्राप्त जानकारी के अनुसार, शुक्रवार शाम को एक बोलेरो वाहन (पंजीकरण संख्या UK-02 TA-3078) भराड़ी से खल्झूनी की ओर जा रहा था। जब वाहन कपकोट तहसील के अंतर्गत रिखाड़ी के समीप मुनार बावे बैंड पर पहुँचा, तो अचानक चालक का नियंत्रण वाहन से हट गया। अनियंत्रित होकर बोलेरो सड़क से नीचे लगभग 100 मीटर गहरी खाई में जा गिरी।
हादसा इतना भीषण था कि वाहन के परखच्चे उड़ गए और चीख-पुकार मच गई। घटना की भनक लगते ही सूपी के क्षेत्र पंचायत सदस्य देवेंद्र सिंह ने तत्काल इसकी सूचना तहसील प्रशासन और पुलिस को दी।
रेस्क्यू ऑपरेशन और राहत कार्य
सूचना मिलते ही उपजिलाधिकारी (एसडीएम) कपकोट अनिल चन्याल, तहसीलदार, स्थानीय पुलिस और एसडीआरएफ (SDRF) की टीमें राहत उपकरणों के साथ मौके पर पहुँचीं। घटनास्थल दुर्गम होने के कारण रेस्क्यू ऑपरेशन में काफी चुनौतियों का सामना करना पड़ा। हालांकि, स्थानीय ग्रामीणों ने तत्परता दिखाते हुए प्रशासन के आने से पहले ही राहत कार्य शुरू कर दिया था।
खाई से घायलों को निकालकर तत्काल 108 एंबुलेंस के माध्यम से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) कपकोट पहुँचाया गया। वाहन में कुल सात यात्री सवार थे, जिनमें से दो की हालत मौके पर ही प्राणघातक साबित हुई।
हताहतों का विवरण
इस दुर्घटना में खल्झूनी गांव की दो महिलाओं ने अपनी जान गंवा दी है। मृतकों के परिजनों में कोहराम मचा हुआ है।
मृतकों के नाम:
- पानुली देवी उर्फ करुली देवी (60 वर्ष): पत्नी प्रताप राम, निवासी खल्झूनी।
- सुपुली देवी (68 वर्ष): पत्नी नारायण राम, निवासी खल्झूनी।
घायलों की सूची:
हादसे में घायल हुए पांचों व्यक्तियों को प्राथमिक उपचार के बाद बेहतर इलाज के लिए जिला अस्पताल बागेश्वर रेफर कर दिया गया है।
घायलों का विवरण निम्न प्रकार है:
- दीपक राम (31 वर्ष), पुत्र नैन राम
- नीमा देवी (32 वर्ष), पत्नी दीप राम
- प्रेमा देवी (45 वर्ष), पत्नी हरीश राम
- जसौदा देवी (38 वर्ष), पत्नी रमी राम
- कमल चौड़िया (38 वर्ष), पुत्र शेर सिंह (सभी निवासी खल्झूनी)
प्रशासनिक कार्रवाई और जांच
उपजिलाधिकारी अनिल चन्याल ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि सभी घायलों को उचित चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है। उन्होंने कहा कि प्रशासन और रेस्क्यू टीम ने समन्वय के साथ कार्य किया ताकि घायलों को जल्द से जल्द अस्पताल पहुँचाया जा सके।
पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम की प्रक्रिया शुरू कर दी है। दुर्घटना के सटीक कारणों का अभी पता नहीं चल पाया है, लेकिन शुरुआती तौर पर इसे तीव्र मोड़ पर नियंत्रण खोना माना जा रहा है। एसडीएम ने स्पष्ट किया कि “दुर्घटना के कारणों की विस्तृत जांच की जा रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि क्या यह तकनीकी खराबी थी या मानवीय चूक।”
पहाड़ी रास्तों पर बढ़ता खतरा
कपकोट और इसके आस-पास के क्षेत्रों में सड़कें अक्सर संकरी और खतरनाक मोड़ों वाली हैं। मुनार बावे बैंड जैसे स्थानों पर पूर्व में भी दुर्घटनाओं की आशंका बनी रहती है। स्थानीय निवासियों ने सड़कों की सुरक्षा दीवार (क्रैश बैरियर) और सुधारीकरण की मांग उठाई है ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।
इस घटना के बाद पूरे खल्झूनी गांव में शोक की लहर है। मृतकों के परिजनों को ढांढस बंधाने के लिए ग्रामीणों और जनप्रतिनिधियों का तांता लगा हुआ है
डिस्क्लेमर: यह समाचार रिपोर्ट उपलब्ध कराई गई प्रारंभिक जानकारी पर आधारित है। जांच के बाद तथ्यों में बदलाव संभव है।







