रुड़की: सिविल अस्पताल रुड़की में उस समय हड़कंप मच गया जब बीती रात अस्पताल की डायलिसिस यूनिट के स्टोर रूम से अचानक धुआं उठता देखा गया। यह यूनिट अस्पताल की इमरजेंसी के ठीक पास स्थित है। जैसे ही धुएं की भनक लगी, इमरजेंसी में ड्यूटी पर तैनात डॉक्टर सरफराज ने तुरंत स्थिति की गंभीरता को समझते हुए अस्पताल स्टाफ और फायर ब्रिगेड को इसकी सूचना दी।
मौके पर कुछ ही देर में फायर ब्रिगेड की टीम पहुंच गई और समय रहते आग पर काबू पा लिया। हालांकि, तब तक स्टोर रूम में रखा जरूरी सामान जलकर राख हो चुका था। आग ज्यादा नहीं फैल पाई, लेकिन अस्पताल की व्यवस्थाएं जरूर प्रभावित हुईं।
बताया जा रहा है कि आग लगने का कारण शॉर्ट सर्किट था। आग बुझाने के दौरान बिजली की आपूर्ति बंद करनी पड़ी, जिसके चलते इमरजेंसी सेवाओं पर भी असर पड़ा। इसके अलावा, आग से डायलिसिस यूनिट की इलेक्ट्रिक वायरिंग भी क्षतिग्रस्त हो गई, जिस कारण शुक्रवार को डायलिसिस के लिए पहुंचे मरीजों को निराश होकर लौटना पड़ा।
मुख्य चिकित्सा अधीक्षक ने जानकारी दी कि यूनिट की वायरिंग को दुरुस्त करने का काम तेजी से चल रहा है और जल्द ही डायलिसिस सेवाएं दोबारा शुरू कर दी जाएंगी। गनीमत रही कि इस घटना में कोई जनहानि नहीं हुई, लेकिन घटना ने अस्पताल की सुरक्षा व्यवस्थाओं पर सवाल जरूर खड़े कर दिए हैं।
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