लखनऊ (मोहनलालगंज): उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के मोहनलालगंज थाना क्षेत्र के सिसेंडी गांव में सोमवार रात दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई। अज्ञात बदमाशों ने घर में घुसकर 45 वर्षीय महिला और उनके दृष्टिहीन बेटे की बेरहमी से गला घोंटकर हत्या कर दी। वारदात की क्रूरता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि महिला का शव निर्वस्त्र अवस्था में मिला, जबकि बेटे का शव पानी के टब में औंधे मुंह पड़ा था। पुलिस चौकी से महज 100 मीटर की दूरी पर हुई इस घटना ने इलाके की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
अंधेरे ने खोला राज, ग्रामीणों के उड़े होश
प्राप्त जानकारी के अनुसार, सिसेंडी निवासी रेशमा (45) अपने दृष्टिहीन बेटे शादाब के साथ गांव में ही रहती थी। सोमवार देर शाम जब काफी समय तक उनके घर की लाइट नहीं जली, तो पड़ोसियों को कुछ अनहोनी की आशंका हुई। ग्रामीणों ने आवाज दी, लेकिन अंदर से कोई जवाब नहीं मिला। जब लोग दरवाजा खोलकर अंदर दाखिल हुए, तो वहां का मंजर देखकर उनकी रूह कांप गई। कमरे में रेशमा का शव नग्नावस्था में पड़ा था और पास ही नल के पास रखे पानी के टब में शादाब का शव डूबा हुआ था। चीख-पुकार मचने पर गांव के सैकड़ों लोग जमा हो गए और तुरंत पुलिस को सूचना दी गई।
फोन पर सुनाई दी ‘आखिरी आहट’
मृतक शादाब के बहनोई ने घटना को लेकर एक चौंकाने वाला खुलासा किया है। उन्होंने बताया कि सोमवार शाम वह फोन पर शादाब से बात कर रहे थे। बातचीत के दौरान शादाब ने बताया कि उसकी अम्मी (रेशमा) मसाला लेने बाहर गई हैं। इसी बीच अचानक शादाब घबरा गया और बोला, “किसी ने दरवाजे पर जोर से लात मारी है।” इतना कहते ही फोन अचानक कट गया। अनहोनी के डर से बहनोई ने पड़ोसियों को फोन कर घर जाने को कहा, लेकिन तब तक अपराधी वारदात को अंजाम देकर फरार हो चुके थे।
पुलिस तफ्तीश और साक्ष्य
वारदात की सूचना मिलते ही एडीसीपी आर. वसंत कुमार, एसीपी विकास पांडेय और इंस्पेक्टर ब्रजेश कुमार त्रिपाठी भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल से फिंगरप्रिंट्स और अन्य महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटाए हैं।
एसीपी विकास पांडेय के मुताबिक, शुरुआती जांच में यह स्पष्ट है कि दोनों की हत्या रस्सी या किसी तार से गला कसकर की गई है। रेशमा का मोबाइल फोन गायब है, जिससे अंदेशा लगाया जा रहा है कि बदमाश सबूत मिटाने के लिए उसे साथ ले गए। महिला के शव की स्थिति को देखते हुए पुलिस दुष्कर्म की आशंका को भी खारिज नहीं कर रही है, हालांकि इसकी पुष्टि पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही हो पाएगी।
विवादित जमीन और रंजिश का एंगल
पुलिस की जांच अब कई बिंदुओं पर टिकी है। ग्रामीणों के अनुसार, मिनी सचिवालय के पास रेशमा की करीब तीन हजार वर्गफीट की कीमती जमीन है। इस जमीन को लेकर गांव के ही एक प्रभावशाली व्यक्ति से उनका लंबे समय से विवाद चल रहा था। पुलिस इस रंजिश को हत्या की मुख्य वजह मानकर चल रही है। इसके अलावा लूटपाट और आपसी संबंधों के नजरिए से भी जांच की जा रही है।
पुलिस चौकी की नाक के नीचे वारदात
इस दोहरे हत्याकांड ने स्थानीय पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी दाग लगा दिया है। मृतका का घर पुलिस चौकी से मात्र 100 मीटर दूर है। ग्रामीणों का आरोप है कि शाम को गांव में ‘फाग’ (लोक गायन) का कार्यक्रम चल रहा था और शोर-शराबे का फायदा उठाकर बदमाशों ने इस जघन्य अपराध को अंजाम दिया। पुलिस की गश्त और सतर्कता पर सवाल उठाते हुए ग्रामीणों ने सुरक्षा की मांग की है।
जांच के लिए चार टीमें गठित
एसीपी ने बताया कि मामले के खुलासे के लिए चार विशेष टीमें गठित की गई हैं। पुलिस ने कुछ संदिग्धों को हिरासत में लिया है जिनसे पूछताछ जारी है। पुलिस मृतक के कॉल डिटेल्स रिकॉर्ड (CDR) भी खंगाल रही है ताकि आखिरी समय में उनकी किससे बात हुई या घर के आसपास कौन सक्रिय था, इसका पता लगाया जा सके।
लखनऊ में बढ़ता अपराध: पिछली कुछ घटनाएं
यह पहली बार नहीं है जब लखनऊ के बाहरी इलाकों में इस तरह का दोहरा हत्याकांड हुआ हो। पिछले कुछ समय में हुईं ये घटनाएं पुलिस के दावों की पोल खोलती हैं:
- 12 जनवरी 2025: काकोरी में बुजुर्ग महिला और उनके बेटे की घर में घुसकर हत्या।
- 21 जुलाई 2024: ठाकुरगंज में मां-बेटी की गला दबाकर हत्या।
- 5 मार्च 2023: मलिहाबाद में बुजुर्ग दंपती की बेरहमी से हत्या।
- 17 सितंबर 2022: इंदिरानगर में मां-बेटे की संदिग्ध परिस्थितियों में हत्या।
फिलहाल, पुलिस ने शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। सिसेंडी गांव में तनाव और मातम का माहौल है। पुलिस का दावा है कि जल्द ही आरोपियों को सलाखों के पीछे भेज दिया जाएगा।











