Weather Update: देशभर में दक्षिण-पश्चिम मानसून अब पूरी तरह सक्रिय हो चुका है और इसके असर से उत्तर भारत, मध्य भारत और पश्चिमी तटीय राज्यों में मौसम तेजी से बदल रहा है। Weather Alert के बीच भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने दिल्ली, उत्तर प्रदेश, बिहार, राजस्थान, मध्य प्रदेश समेत 10 राज्यों में बारिश की संभावना जताई है। वहीं उत्तराखंड, महाराष्ट्र, कोंकण, गोवा और दक्षिण गुजरात के कई इलाकों में भारी से अत्यधिक भारी वर्षा का ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है।
दिल्ली में मानसून सामान्य समय से करीब पांच दिन की देरी से पहुंचा, लेकिन अब राजधानी सहित आसपास के क्षेत्रों में लगातार बारिश का सिलसिला शुरू हो गया है। मौसम विभाग का कहना है कि आने वाले कुछ दिनों तक कई राज्यों में बारिश की गतिविधियां तेज बनी रहेंगी। प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने और मौसम संबंधी अपडेट पर नजर बनाए रखने की अपील की है।
दिल्ली-एनसीआर में बारिश से मिली राहत, अगले कई दिनों तक जारी रहेगा असर
गुरुवार देर रात दिल्ली और एनसीआर के कई हिस्सों में अच्छी बारिश दर्ज की गई, जिससे लंबे समय से जारी उमस और गर्मी से लोगों को राहत मिली। बारिश के बाद तापमान में गिरावट दर्ज की गई और सुबह का मौसम सुहावना रहा।
IMD ने राजधानी के लिए येलो अलर्ट जारी करते हुए बताया है कि अगले 24 घंटों के दौरान हल्की से मध्यम बारिश जारी रह सकती है। कुछ इलाकों में गरज-चमक के साथ तेज बौछारें भी पड़ सकती हैं। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि 7 जुलाई तक दिल्ली में रुक-रुक कर बारिश का दौर बना रह सकता है।
उत्तर प्रदेश और बिहार में तेज बारिश व आंधी की चेतावनी
Weather Alert के तहत उत्तर प्रदेश के करीब 45 जिलों में बारिश की संभावना जताई गई है। प्रयागराज, कौशांबी, प्रतापगढ़, रायबरेली, जौनपुर, मिर्जापुर, सोनभद्र और फतेहपुर सहित कई जिलों में गरज-चमक के साथ तेज बारिश हो सकती है। मौसम विभाग ने 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की भी संभावना व्यक्त की है।
विशेषज्ञों के अनुसार अगले चार दिनों तक प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में मानसून सक्रिय रहेगा। वहीं बिहार में भी उत्तर और मध्य क्षेत्रों में अच्छी बारिश होने का अनुमान है। कई जिलों में वज्रपात और भारी वर्षा की चेतावनी जारी की गई है। किसानों को खराब मौसम के दौरान खेतों में काम करने से बचने की सलाह दी गई है ताकि किसी भी दुर्घटना से बचा जा सके।
राजस्थान और मध्य प्रदेश में बदलेगा मौसम का मिजाज
राजस्थान में भी मानसून अब पूरी तरह सक्रिय हो गया है। जयपुर, कोटा और आसपास के कई जिलों में बारिश, बिजली गिरने और तेज हवाओं को लेकर येलो अलर्ट जारी किया गया है। मौसम विभाग के अनुसार कई स्थानों पर 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चल सकती है।
मध्य प्रदेश में भी आज से बारिश की गतिविधियां बढ़ने की संभावना है। भोपाल, इंदौर, जबलपुर, ग्वालियर सहित कई जिलों में हल्की से मध्यम बारिश के साथ कुछ क्षेत्रों में भारी वर्षा हो सकती है। इससे तापमान में गिरावट आएगी और लोगों को गर्मी से राहत मिलेगी।
उत्तराखंड में भारी बारिश से बढ़ा खतरा, प्रशासन पूरी तरह अलर्ट
उत्तराखंड में लगातार हो रही बारिश ने प्रशासन की चिंता बढ़ा दी है। मौसम विभाग ने राज्य के कई पर्वतीय जिलों में भारी से अत्यधिक भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। विशेष रूप से देहरादून, रुद्रप्रयाग, चमोली, उत्तरकाशी, बागेश्वर और पिथौरागढ़ जैसे जिलों में भूस्खलन और चट्टान गिरने की आशंका जताई गई है।
लगातार हो रही बारिश के कारण नदियों और बरसाती नालों का जलस्तर बढ़ सकता है। ऐसे में संवेदनशील इलाकों में रहने वाले लोगों को अतिरिक्त सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। प्रशासन ने चारधाम यात्रा पर जाने वाले श्रद्धालुओं से भी मौसम की ताजा जानकारी लेकर ही यात्रा करने का आग्रह किया है।
राज्य सरकार ने जिला प्रशासन, आपदा प्रबंधन विभाग और राहत एजेंसियों को हाई अलर्ट पर रखा है। संवेदनशील क्षेत्रों में मशीनरी और राहत दलों की तैनाती भी बढ़ा दी गई है ताकि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत कार्रवाई की जा सके।
महाराष्ट्र, कोंकण और पश्चिमी तटीय राज्यों में भी भारी बारिश
महाराष्ट्र, कोंकण, गोवा और दक्षिण गुजरात में भी मानसून पूरी ताकत के साथ सक्रिय है। कई जिलों में लगातार हो रही बारिश के कारण जलभराव की स्थिति बन रही है। मौसम विभाग ने इन इलाकों में अगले 48 घंटों के दौरान भारी से अत्यधिक भारी वर्षा की संभावना जताई है।
मुंबई, ठाणे, पालघर, रायगढ़ और आसपास के क्षेत्रों में भी तेज बारिश के चलते स्थानीय प्रशासन को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं। निचले इलाकों में जलभराव और यातायात प्रभावित होने की आशंका बनी हुई है।
लोगों के लिए जारी की गई जरूरी सलाह
लगातार बदलते मौसम को देखते हुए मौसम विभाग ने नागरिकों को अनावश्यक यात्रा से बचने की सलाह दी है। पर्वतीय क्षेत्रों में यात्रा करने वालों से विशेष सावधानी बरतने को कहा गया है। बिजली गिरने की संभावना वाले क्षेत्रों में खुले मैदान, पेड़ों और बिजली के खंभों के नीचे खड़े होने से बचने की अपील की गई है।
किसानों को भी सलाह दी गई है कि खराब मौसम के दौरान खेतों में काम करने से बचें और मौसम सामान्य होने के बाद ही कृषि कार्य करें। स्थानीय प्रशासन ने लोगों से केवल आधिकारिक मौसम बुलेटिन पर भरोसा करने और अफवाहों से दूर रहने की अपील की है।
अगले कुछ दिन रहेंगे अहम
मौसम विभाग का अनुमान है कि आने वाले तीन से चार दिनों तक मानसून की गतिविधियां उत्तर भारत और पश्चिमी तटीय क्षेत्रों में मजबूत बनी रहेंगी। कई राज्यों में भारी बारिश के कारण सामान्य जनजीवन प्रभावित हो सकता है। ऐसे में प्रशासन, आपदा प्रबंधन एजेंसियां और स्थानीय निकाय लगातार हालात पर नजर बनाए हुए हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि इस अवधि में Weather Alert को गंभीरता से लेना जरूरी है। समय रहते सावधानी बरतने से संभावित नुकसान को काफी हद तक कम किया जा सकता है। लगातार बदलते मौसम को देखते हुए लोगों को आधिकारिक मौसम अपडेट पर नजर बनाए रखने और प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करने की सलाह दी गई है।









