उत्तराखंड एक्स सर्विसमैन लीग (यूईएसएल) ने राज्य भर के पूर्व सैनिकों और उनके परिवारों की स्वास्थ्य सुरक्षा के लिए एक महत्वपूर्ण पहल की है। इसके तहत यूईएसएल ने कई प्रमुख निजी अस्पतालों के साथ समझौते किए हैं, जिससे पूर्व सैनिक, सेवारत सैन्यकर्मी और उनके आश्रित परिजन अब सीजीएचएस/ईसीएचएस दरों पर ओपीडी और आईपीडी सेवाएं प्राप्त कर सकेंगे।
हाल ही में श्रीमहंत इंदिरेश अस्पताल और यूईएसएल के बीच भी समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए गए। अस्पताल की ओर से चिकित्सा अधीक्षक डॉ. गौरव रतूड़ी ने और यूईएसएल की ओर से अध्यक्ष मेजर जनरल एमएल असवाल (सेनि) व वरिष्ठ उपाध्यक्ष कर्नल अमित वीर पांड्या (सेनि) ने एमओयू पर हस्ताक्षर किए। कार्डियक साइंसेज विभाग के निदेशक डॉ. कर्नल सलिल गर्ग भी इस अवसर पर मौजूद रहे।
इस करार के तहत न केवल पूर्व सैनिक व अधिकारी, बल्कि उनके नॉन डिपेंडेंट आश्रित जैसे माता-पिता, पुत्र-पुत्रवधू, पुत्री-दामाद आदि को भी सीजीएचएस/ईसीएचएस दरों पर मेडिकल व सर्जिकल सेवाएं उपलब्ध होंगी। डॉ. रतूड़ी ने बताया कि ये सुविधाएं उच्च स्तरीय इलाज को सस्ते दरों पर उपलब्ध कराएंगी। कर्नल अमित वीर पांड्या ने बताया कि करार की प्रतियां संबंधित अस्पतालों व पूर्व सैनिक संघों में व्यापक रूप से वितरित की जा चुकी हैं।
यह योजना तुरंत प्रभाव से लागू हो गई है और अन्य जिलों के अस्पतालों से भी बातचीत जारी है ताकि राज्यभर में पूर्व सैनिक परिवारों को यह सुविधा मिल सके। पूर्व सैनिकों ने इस पहल की सराहना की है और कहा कि अब उन्हें महंगे इलाज की चिंता नहीं करनी पड़ेगी।
जुड़े प्रमुख अस्पताल
वेलमेड अस्पताल, कनिष्क अस्पताल, सुनंदा मेडिकल सेंटर, अरिहंत अस्पताल, ग्राफिक एरा अस्पताल, दृष्टि आई अस्पताल, श्रीमहंत इंदिरेश अस्पताल और जीवन ज्योति आई अस्पताल (प्रक्रिया में)।







