ऋषिकेश/देहरादून: मसूरी देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) ने अवैध निर्माणों के खिलाफ कड़ा रुख अपनाते हुए सोमवार को ऋषिकेश और देहरादून में बड़ी कार्रवाई की। ऋषिकेश में छह बहुमंजिला इमारतों को सील किया गया, जबकि देहरादून में तीन अवैध निर्माणों पर ताले जड़ दिए गए। एमडीडीए उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी ने स्पष्ट किया कि यह कार्रवाई मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर बिना किसी दबाव के की जा रही है।
ऋषिकेश में पांच सेक्टर बनाकर चलाई गई मुहिम
ऋषिकेश क्षेत्र में अवैध निर्माणों की बढ़ती संख्या को देखते हुए एमडीडीए ने इलाके को पांच सेक्टरों में बांटकर विशेष अभियान चलाया। पहले चरण में करीब डेढ़ दर्जन निर्माण चिन्हित किए गए, जिनमें से सोमवार को छह बहुमंजिला इमारतों को सील कर दिया गया। सुनीत पशुलोक विस्थापित क्षेत्र के निर्मल ब्लॉक में सुमित मल्होत्रा की छह मंजिला और करमवीर सिंह की पांच मंजिला इमारत को सील किया गया। इसके अलावा पुरानी चुंगी क्षेत्र में हर्षित पांडे, देहरादून रोड पर सुनील सैनी, मालवीय नगर में कृष्णा फर्नीचर और गुमानीवाला क्षेत्र में विजय पालीवाल के अवैध निर्माणों पर भी कार्रवाई की गई।
अवैध निर्माणकर्ताओं में मचा हड़कंप
एमडीडीए की इस सख्त कार्रवाई से अवैध निर्माण करने वालों में हड़कंप मच गया है। उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी ने कहा कि अब किसी भी हाल में नियमों की अनदेखी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। नागरिकों से अपील की गई है कि वे निर्माण कार्य शुरू करने से पहले वैध नक्शा पास कराएं।
देहरादून में भी तीन निर्माण सील
ऋषिकेश के साथ-साथ देहरादून क्षेत्र में भी एमडीडीए ने अपना अभियान जारी रखा। यहां मेहूंवाला में साकिर और अशरफ के अवैध निर्माणों को सील किया गया, जबकि शिव मंदिर के पास राजन के निर्माण को भी नियमों के उल्लंघन पर ताला लगा दिया गया।
एमडीडीए ने साफ किया है कि यह मुहिम आगे भी जारी रहेगी और अवैध निर्माणों को किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।






