हरिद्वार ज़िले के खानपुर क्षेत्र से एक दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है, जहाँ एक निजी विद्यालय के शिक्षक पर 13 वर्षीय छात्र को निर्ममता से पीटने का गंभीर आरोप लगा है। घटना के बाद बच्चे की हालत इतनी नाजुक हो गई कि उसे एम्स ऋषिकेश होते हुए दिल्ली एम्स रेफर करना पड़ा। डॉक्टरों ने उसके कान के पर्दे को गंभीर क्षति पहुँचने की आशंका जताई है और ऑपरेशन की संभावना बताई है।
घटना का विवरण
खानपुर क्षेत्र के नियामतपुर निवासी रामकुमार ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि उनका बेटा आयुष (13) मिर्जापुर सादात स्थित एस चिल्ड्रन अकादमी जूनियर हाई स्कूल में कक्षा 7 का छात्र है। 9 सितंबर 2025 को आयुष रोज़ की तरह स्कूल गया था। वहीं स्कूल में तैनात शिक्षक सतीश कुमार, निवासी पूरनपुर थाना खानपुर, ने अनुशासनहीनता के आरोप में उसकी इतनी बेरहमी से पिटाई कर दी कि बच्चा लहूलुहान हो गया।
परिजनों के अनुसार, पिटाई के दौरान आयुष के बाएँ कान और आँख से खून बहने लगा। दर्द और डर से वह किसी तरह घर पहुँचा और पूरी घटना अपने पिता को बताई।
बच्चे की हालत बिगड़ी, डॉक्टरों ने जताई गंभीर चिंता
परिजनों ने तुरंत उसे लक्सर के एक निजी चिकित्सक के पास पहुँचाया, जहाँ प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने स्थिति गंभीर देखते हुए बच्चे को एम्स ऋषिकेश रेफर कर दिया। वहाँ जांच के दौरान चिकित्सकों ने बताया कि बच्चे के कान के पर्दे में गहरा नुकसान हुआ है, और बेहतर इलाज के लिए उसे दिल्ली या चंडीगढ़ किसी बड़े अस्पताल में भेजने की सलाह दी।
इसके बाद परिवार उसे दिल्ली एम्स लेकर गया, जहाँ डॉक्टरों ने उसे भर्ती कर लिया है। पिता रामकुमार का कहना है कि अब बच्चे को सुनने और देखने में परेशानी हो रही है। डॉक्टरों ने संकेत दिया है कि कान का ऑपरेशन आवश्यक हो सकता है।
पुलिस ने दर्ज किया मामला, जांच जारी
थाना खानपुर प्रभारी धर्मेंद्र राठी ने बताया कि पीड़ित के पिता की तहरीर के आधार पर आरोपी शिक्षक सतीश कुमार के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस ने घटना की गंभीरता को देखते हुए मामले की विस्तृत जांच शुरू कर दी है।
विद्यालय प्रबंधन से भी प्रारंभिक जानकारी ली जा रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि घटना के समय स्कूल प्रशासन ने क्या कार्रवाई की।
ग्रामीणों में आक्रोश, कड़ी कार्रवाई की मांग
इस दर्दनाक घटना के बाद पूरे क्षेत्र में रोष फैल गया है। ग्रामीणों और अभिभावकों ने आरोपी शिक्षक के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की है। लोगों का कहना है कि स्कूल जैसी पवित्र जगह पर इस तरह की हिंसक घटनाएँ बच्चों के भविष्य और मानसिक स्वास्थ्य दोनों पर गहरा प्रभाव डालती हैं।
पुलिस प्रशासन का कहना है कि मामले की निष्पक्ष जांच की जा रही है और दोषी पाए जाने पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
हरिद्वार के निजी स्कूल में अमानवीय पिटाई: शिक्षक की बेरहमी से 13 वर्षीय छात्र की हालत गंभीर, कान और आंख से बहा खून
On: November 5, 2025 9:53 AM





