राजस्थान के फलौदी जिले में रविवार सुबह एक भयावह सड़क हादसे में 18 लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि तीन अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। यह हादसा तब हुआ जब एक निजी बस ने सड़क किनारे खड़े ट्रेलर में जोरदार टक्कर मार दी। दुर्घटना इतनी भीषण थी कि बस के परखच्चे उड़ गए और अधिकांश यात्री उसमें फंस गए।
कोलायत दर्शन के बाद लौट रहे थे श्रद्धालु
जानकारी के अनुसार, यह बस बीकानेर के प्रसिद्ध धार्मिक स्थल कोलायत से श्रद्धालुओं को लेकर जोधपुर के सूरसागर लौट रही थी। हादसा जयपुर से करीब 400 किलोमीटर दूर फलौदी के मतोड़ा क्षेत्र में हुआ। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, टक्कर इतनी जोरदार थी कि बस का अगला हिस्सा पूरी तरह ट्रेलर के नीचे जा घुसा। हादसे के सही कारणों की जांच की जा रही है, हालांकि प्रारंभिक आशंका है कि ड्राइवर को झपकी आने या तेज रफ्तार इसका कारण हो सकता है।
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने जताया गहरा शोक
राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने इस भीषण दुर्घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (X) पर पोस्ट करते हुए लिखा,
“फलौदी के मतोड़ा क्षेत्र में सड़क दुर्घटना में हुई जनहानि अत्यंत दुखद एवं हृदयविदारक है। मेरी संवेदनाएं शोकाकुल परिजनों के साथ हैं। जिला प्रशासन को सभी घायलों के समुचित उपचार की व्यवस्था करने के निर्देश दिए गए हैं। प्रभु से प्रार्थना है कि दिवंगत आत्माओं को शांति प्रदान करें और घायलों को शीघ्र स्वस्थ करें।”
घायलों के लिए बनाया गया ग्रीन कॉरिडोर
जोधपुर पुलिस कमिश्नर ओम प्रकाश पासवान ने बताया कि घायलों को तुरंत अस्पताल पहुंचाने के लिए प्रशासन की ओर से ग्रीन कॉरिडोर बनाया गया है ताकि ट्रैफिक में किसी तरह की देरी न हो। उन्होंने कहा कि प्रशासन की प्राथमिकता सभी घायलों को जल्द से जल्द इलाज मुहैया कराना है।
पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने भी जताया शोक
पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने भी इस हादसे को लेकर शोक जताया और मृतकों के परिजनों के प्रति संवेदना व्यक्त की। उन्होंने कहा,
“फलौदी के मतोड़ा क्षेत्र में हुई दुर्घटना की खबर अत्यंत दुखद है। ईश्वर से प्रार्थना करता हूं कि सभी दिवंगत आत्माओं को अपने श्रीचरणों में स्थान दें और परिवारों को यह गहन दुख सहने की शक्ति प्रदान करें।”
राजस्थान में लगातार बढ़ रहे सड़क हादसे
गौरतलब है कि राजस्थान में हाल के महीनों में सड़क हादसों की घटनाएं तेजी से बढ़ी हैं। पिछले महीने जैसलमेर में एक स्लीपर बस में आग लगने से 26 यात्रियों की मौत हो गई थी। जांच में पता चला था कि हादसा बस के एसी में शॉर्ट सर्किट के कारण हुआ था और बस में कोई आपात निकास द्वार नहीं था। इसके बाद परिवहन विभाग ने अवैध बस संशोधनों और परमिट उल्लंघनों के खिलाफ सख्त अभियान शुरू किया था।
इसी तरह, पिछले महीने उत्तर प्रदेश के पीलीभीत से जयपुर जा रही एक निजी स्लीपर बस में बिजली के तार से संपर्क में आने के बाद आग लग गई थी, जिसमें दो लोगों की मौत हो गई और करीब 10 यात्री झुलस गए थे।
प्रशासन अलर्ट, जांच जारी
फलौदी हादसे के बाद जिला प्रशासन और पुलिस मौके पर पहुंच चुकी है। राहत और बचाव कार्य जारी है। अधिकारियों ने बताया कि मृतकों की पहचान की जा रही है और परिजनों को सूचना दी जा रही है। हादसे के सही कारणों का पता लगाने के लिए फॉरेंसिक टीम और परिवहन विभाग की संयुक्त जांच भी शुरू कर दी गई है।
राजस्थान के फलौदी में भयावह हादसा — खड़े ट्रेलर से टकराई बस, 18 यात्रियों की मौत
On: November 2, 2025 5:09 PM











