हरिद्वार। जिले में लगातार हो रही बारिश के चलते गंगा नदी का जलस्तर चेतावनी के निशान तक पहुंच गया है, जिससे मैदानी इलाकों में बाढ़ का खतरा मंडराने लगा है। मंगलवार सुबह भीमगोडा बैराज पर जलस्तर 293.00 मीटर रिकॉर्ड किया गया, जबकि खतरे का निशान 294 मीटर तय है। लगातार बारिश के कारण गंगा का जलप्रवाह तेजी से बढ़ रहा है।
बैराज से प्राप्त आंकड़ों के मुताबिक, इस समय गंगा नदी में 1,49,160 क्यूसेक पानी आ रहा है, जिसमें से 1,43,973 क्यूसेक पानी सीधे गंगा में छोड़ा जा रहा है। इसके अलावा, उत्तर गंगा कैनाल में 5036 क्यूसेक और डीसीएनडी (डीजल चैनल नहर) में 151 क्यूसेक पानी डायवर्ट किया गया है।
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए जिलाधिकारी मयूर दीक्षित खुद हालात पर नजर बनाए हुए हैं। वह लगातार अधिकारियों से संपर्क में हैं और नदियों के जलस्तर, वर्षा तथा जलभराव की स्थिति का अपडेट ले रहे हैं। जिलाधिकारी ने सभी क्षेत्रीय अधिकारियों और कर्मचारियों को फील्ड में ही मौजूद रहने और किसी भी स्थिति से निपटने को तैयार रहने के निर्देश दिए हैं।
प्रशासन ने स्थापित बाढ़ चौकियों को विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए हैं। इसके साथ ही लोगों से अपील की गई है कि वे अनावश्यक रूप से नदी किनारे न जाएं और घाटों पर केवल चिन्हित एवं सुरक्षित स्थानों पर ही स्नान करें। गंगा में जलस्तर में तेजी से बढ़ोतरी को देखते हुए एहतियात बरतना जरूरी है।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि किसी भी आपात स्थिति में त्वरित कार्रवाई के लिए टीमें पूरी तरह अलर्ट पर हैं और आमजन को भी अफवाहों से दूर रहकर प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करने की सलाह दी गई है।





