देहरादून आने वाले पर्यटक अब जल्द ही ‘लंदन हाइड पार्क’ जैसी अनुभूति पा सकेंगे। मसूरी-दून मार्ग पर स्थित राजपुर रोड के राष्ट्रपति निकेतन परिसर में एक अंतरराष्ट्रीय स्तर का विशाल हरित उद्यान विकसित किया जा रहा है। एमडीडीए (मसूरी-देहरादून विकास प्राधिकरण) इस परियोजना को अगले वर्ष तक पूर्ण करने की योजना पर कार्य कर रहा है।
132 एकड़ में फैलेगा हरा-भरा ‘ड्रीम पार्क’
करीब 132 एकड़ भूमि पर तैयार हो रहे इस पार्क में प्राकृतिक सुंदरता और आधुनिक सुविधाओं का संगम देखने को मिलेगा। इसमें जॉगिंग और साइक्लिंग ट्रैक, बच्चों के खेल क्षेत्र, पिकनिक लॉन, वन-पथ, एम्फीथिएटर, कला प्रदर्शन स्थल, घुड़सवारी, जल सुविधाएं, कैफेटेरिया और स्मारिका स्टोर जैसी अनेक आकर्षक व्यवस्थाएं होंगी। इसके साथ ही आगंतुकों के लिए एक विशेष फैसिलिटी सेंटर भी बनाया जा रहा है, ताकि पर्यटकों को यहां एक सहज और यादगार अनुभव मिल सके।
जनता के सुझावों से बनी परियोजना
देहरादून के जिलाधिकारी सविन बंसल के अनुसार यह पार्क राज्य के इतिहास में एक मील का पत्थर साबित होगा। राष्ट्रपति सचिवालय ने इस परियोजना को हरी झंडी दे दी है और स्थानीय नागरिकों से सुझाव लेकर इसकी डीपीआर (विस्तृत परियोजना रिपोर्ट) तैयार की गई है, ताकि यह पार्क हर वर्ग के लिए उपयोगी और आकर्षक बन सके।
राष्ट्रपति निकेतन, जो स्वयं 21 एकड़ में फैला है, को इसी वर्ष 20 जून को जनता के लिए खोला गया था। उसी अवसर पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने इस पार्क की नींव रखी थी। निर्माण पूर्ण होने के बाद, अगले वर्ष राष्ट्रपति स्वयं इसे राज्य की जनता को समर्पित करेंगी।
प्राकृतिक सौंदर्य, स्वास्थ्य और संस्कृति का संगम
यह पार्क न केवल हरियाली का केंद्र बनेगा बल्कि स्वास्थ्य, मनोरंजन और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के लिए भी एक प्रमुख स्थल के रूप में कार्य करेगा। यहां सुबह-शाम लोग जॉगिंग, योग और साइक्लिंग जैसी गतिविधियों का आनंद ले सकेंगे, वहीं परिवार पिकनिक और सांस्कृतिक आयोजनों में भाग ले पाएंगे।
प्रेरणा ‘लंदन हाइड पार्क’ से
इस परियोजना की रूपरेखा विश्व प्रसिद्ध ‘लंदन हाइड पार्क’ से प्रेरित है, जो सेंट्रल लंदन में 350 एकड़ में फैला है। वर्ष 1637 में जनता के लिए खोले गए इस ऐतिहासिक पार्क का प्रबंधन रॉयल पार्क्स ऑफ लंदन करता है।
इसका प्रमुख आकर्षण है सर्पेंटाइन झील, जिसे 1730 में बनाया गया था। यहां नौका विहार, तैराकी, घुड़सवारी और साइक्लिंग जैसी गतिविधियां पर्यटकों के बीच बेहद लोकप्रिय हैं। साथ ही यहां स्थित ‘स्पीकर्स कॉर्नर’ अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता का प्रतीक माना जाता है, जहां कोई भी व्यक्ति खुले मंच से अपने विचार रख सकता है।
इसके अलावा, दिवंगत राजकुमारी डायना की स्मृति में बने फव्वारे, गुलाब उद्यान और ओपन-एयर फेस्टिवल इस पार्क की खूबसूरती को और बढ़ाते हैं।
देहरादून का नया पहचान बनेगा यह पार्क
लंदन हाइड पार्क की तर्ज पर बनने वाला यह देहरादून पार्क उत्तराखंड की राजधानी को एक नया पर्यटन आकर्षण देगा। यह परियोजना न केवल शहर की सुंदरता में इजाफा करेगी, बल्कि स्थानीय पर्यटन, रोजगार और पर्यावरण संरक्षण को भी मजबूती प्रदान करेगी।
अगले वर्ष तक जब यह पार्क जनता के लिए खुलेगा, तो यह निश्चय ही देहरादून का नया प्रतीक बन जाएगा — जहां प्रकृति, संस्कृति और आधुनिकता का संगम एक साथ देखने को मिलेगा।
देहरादून में भी मिलेगा ‘लंदन हाइड पार्क’ जैसा अनुभव, अगले साल तक खुलेगा जनता के लिए
On: October 29, 2025 7:22 AM





