अल्मोड़ा बागेश्वर चमोली चम्पावत देहरादून हरिद्वार नैनीताल पौड़ी गढ़वाल पिथौरागढ़ रुद्रप्रयाग टिहरी गढ़वाल उधम सिंह नगर उत्तरकाशी

दिल्ली प्रदूषण का असर: उत्तराखंड से दिल्ली जाने वाले यात्रियों के लिए बड़ी परेशानी, 192 बसों की एंट्री बंद

On: December 17, 2025 8:58 AM
Follow Us:

दिल्ली में लगातार बढ़ते वायु प्रदूषण को देखते हुए उत्तराखंड परिवहन निगम की 192 पुरानी डीजल बसों के दिल्ली में प्रवेश पर रोक लगा दी गई है। इस निर्णय से जहां परिवहन निगम में चिंता का माहौल है, वहीं उत्तराखंड से दिल्ली की यात्रा करने वाले हजारों यात्रियों को भारी असुविधा का सामना करना पड़ रहा है। प्रदूषण पर नियंत्रण के उद्देश्य से दिल्ली सरकार द्वारा यह सख्त कदम उठाया गया है।

प्रदूषण के बढ़ते स्तर को ध्यान में रखते हुए बुधवार से उत्तराखंड परिवहन निगम की बीएस-3 और बीएस-4 श्रेणी की 192 डीजल बसों को दिल्ली में प्रवेश की अनुमति नहीं दी जा रही है। दिल्ली सरकार बीते चार वर्षों से इस विषय पर उत्तराखंड परिवहन निगम को लगातार आगाह कर रही थी, लेकिन समय रहते आवश्यक कदम नहीं उठाए गए।

वर्तमान स्थिति में उत्तराखंड परिवहन निगम के पास केवल 130 बीएस-6 डीजल बसें और करीब 300 अनुबंधित सीएनजी बसें ही हैं, जिन्हें दिल्ली के कश्मीरी गेट आईएसबीटी तक जाने की अनुमति है। हालांकि, ये बसें राज्य के पर्वतीय और अन्य मार्गों पर भी संचालित होती हैं, जिससे दिल्ली रूट पर बसों की उपलब्धता और सीमित हो गई है। पहले दिल्ली मार्ग पर प्रतिदिन 540 बसें चलती थीं, लेकिन अब इनमें से सिर्फ 348 बसें ही सेवाएं दे पाएंगी।

बुधवार सुबह से ही पुरानी बसों का दिल्ली के लिए संचालन रोक दिया गया, जिससे यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा। कई बसों को यूपी बॉर्डर के मोहनगर तक ही भेजा जा रहा है। इसके साथ ही, कश्मीरी गेट आईएसबीटी में प्रवेश की कोशिश करने पर कुछ बसों के चालान भी काटे गए।

गौरतलब है कि दिल्ली सरकार वर्ष 2021 से ही प्रदूषण नियंत्रण के तहत बीएस-3 और बीएस-4 डीजल बसों पर प्रतिबंध की तैयारी कर रही थी। इस संबंध में उत्तराखंड समेत सभी राज्यों के परिवहन निगमों को पत्र भेजकर एक अक्टूबर से प्रतिबंध लागू होने की चेतावनी दी गई थी। अगस्त महीने में भी दोबारा चेतावनी पत्र जारी किया गया, लेकिन उत्तराखंड परिवहन निगम ने इसे गंभीरता से नहीं लिया।

त्योहारी सीजन और उत्तराखंड सरकार के अनुरोध पर दिल्ली सरकार ने कुछ समय के लिए सशर्त छूट जरूर दी थी, लेकिन जैसे ही दिल्ली का प्रदूषण स्तर बेहद खतरनाक श्रेणी में पहुंचा, बुधवार से सभी पुरानी बसों के प्रवेश पर पूरी तरह रोक लगा दी गई।

इस स्थिति को देखते हुए उत्तराखंड परिवहन निगम के महाप्रबंधक (संचालन) क्रांति सिंह ने सभी डिपो प्रबंधकों को निर्देश जारी किए हैं कि दिल्ली कश्मीरी गेट आईएसबीटी के लिए केवल अनुबंधित सीएनजी और नई बीएस-6 बसों का ही संचालन किया जाए। उल्लेखनीय है कि उत्तराखंड के विभिन्न डिपो से दिल्ली रूट पर रोजाना करीब 540 बसें चलाई जाती हैं, जिनसे प्रतिदिन लगभग 40 से 50 हजार यात्री आवागमन करते हैं। ऐसे में बसों की संख्या घटने से यात्रियों की मुश्किलें और बढ़ सकती हैं।

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

Leave a Comment