अल्मोड़ा बागेश्वर चमोली चम्पावत देहरादून हरिद्वार नैनीताल पौड़ी गढ़वाल पिथौरागढ़ रुद्रप्रयाग टिहरी गढ़वाल उधम सिंह नगर उत्तरकाशी

देहरादून में भीषण अग्निकांड: कबाड़ी बाजार में 11 घंटे से तांडव मचा रही आग, धुएं के गुबार से ढका आसमान, 12 दमकल गाड़ियां मौके पर

On: March 16, 2026 5:58 AM
Follow Us:
देहरादून के पटेलनगर कबाड़ी बाजार में भीषण आग का दृश्य; धुआं बुझाते दमकलकर्मी और घटनास्थल पर मौजूद पुलिस बल।

देहरादून, उत्तराखंड: राजधानी देहरादून के पटेलनगर क्षेत्र में सोमवार को उस समय हड़कंप मच गया, जब कोतवाली के ठीक पीछे स्थित विशाल कबाड़ी बाजार में भीषण आग लग गई। आग की लपटें इतनी विकराल हैं कि पिछले साढ़े 11 घंटों से दमकल विभाग की टीमें इसे बुझाने के लिए संघर्ष कर रही हैं। कबाड़ के ढेर में प्लास्टिक और ज्वलनशील पदार्थ होने के कारण आग पर काबू पाना चुनौतीपूर्ण बना हुआ है। अब तक दमकल की 12 गाड़ियां घटनास्थल पर तैनात की जा चुकी हैं, लेकिन आग अब भी सुलग रही है।

कैसे शुरू हुआ अग्नि तांडव?

जानकारी के अनुसार, आग लगने की घटना पटेलनगर कोतवाली के पीछे स्थित कबाड़ी बाजार में हुई। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि सुबह अचानक एक दुकान से धुआं उठता देखा गया, जो देखते ही देखते पूरे बाजार में फैल गया। कबाड़ की दुकानों में टायरों, प्लास्टिक की बोतलों और पुराने रद्दी सामानों का भारी स्टॉक होने के कारण आग ने तेजी से विकराल रूप धारण कर लिया।

सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस और दमकल की शुरुआती गाड़ियां मौके पर पहुंचीं, लेकिन आग की तीव्रता इतनी ज्यादा थी कि देखते ही देखते आसपास के अन्य जिलों से भी दमकल की गाड़ियां बुलानी पड़ीं।

11 घंटे से जारी है ‘ऑपरेशन बुझाओ’

अग्निशमन विभाग के अधिकारियों के मुताबिक, साढ़े 11 घंटे बीत जाने के बाद भी आग पूरी तरह शांत नहीं हुई है। बाजार की गलियां संकरी होने और कबाड़ के ऊंचे ढेरों के कारण दमकल कर्मियों को अंदर तक पाइप ले जाने में भारी मशक्कत करनी पड़ रही है। धुएं का काला गुबार कई किलोमीटर दूर से देखा जा सकता है, जिससे आसपास की बस्तियों में रहने वाले लोगों को सांस लेने में कठिनाई हो रही है।

यह भी पढ़ें-धनबाद में पुलिस और प्रिंस खान गिरोह के बीच भीषण मुठभेड़: दो शूटरों को लगी गोली, एक का पैर टूटा; भारी मात्रा में गोला-बारूद बरामद

राहत कार्य के मुख्य बिंदु:

  • दमकल की तैनाती: देहरादून, ऋषिकेश और विकासनगर समेत आसपास के स्टेशनों से 12 गाड़ियां मौके पर जुटी हैं।
  • बचाव कार्य: एहतियात के तौर पर पुलिस ने पूरे इलाके की घेराबंदी कर दी है और आसपास की दुकानों को खाली करा लिया गया है।
  • चुनौती: कबाड़ के नीचे दबी आग बार-बार सुलग उठती है, जिसके लिए जेसीबी की मदद से मलबे को हटाया जा रहा है।

लाखों का नुकसान, सुरक्षा मानकों पर सवाल

इस अग्निकांड में कबाड़ कारोबारियों का लाखों रुपये का सामान जलकर खाक हो गया है। हालांकि, राहत की बात यह है कि अब तक किसी जनहानि (जान के नुकसान) की सूचना नहीं मिली है। लेकिन इस घटना ने घनी आबादी वाले क्षेत्रों में स्थित इन कबाड़ी बाजारों की सुरक्षा पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं।
प्रशासन अब इस बात की जांच करेगा कि क्या इन दुकानों में आग बुझाने के पर्याप्त इंतजाम थे या नहीं। स्थानीय लोगों का आरोप है कि रिहायशी इलाके के पास ऐसे गोदामों का होना हमेशा से खतरे का सबब रहा है।

प्रशासनिक प्रतिक्रिया और वर्तमान स्थिति

पटेलनगर कोतवाली पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर कैंप कर रहे हैं। अधिकारियों का कहना है कि पहली प्राथमिकता आग को पूरी तरह ठंडा (Cooling) करना है ताकि यह रिहायशी घरों तक न पहुंचे।
आग लगने के सटीक कारणों का पता अभी नहीं चल पाया है, लेकिन शुरुआती अनुमान शॉर्ट सर्किट की ओर इशारा कर रहे हैं।

एफएसओ (FSO) देहरादून ने बताया, “हमारी टीमें लगातार काम कर रही हैं। पानी की कमी न हो इसके लिए टैंकरों की व्यवस्था की गई है। अगले कुछ घंटों में स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में आने की उम्मीद है।”

निष्कर्ष: सबक लेने की जरूरत

देहरादून का यह अग्निकांड एक चेतावनी है कि व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में अग्नि सुरक्षा मानकों की अनदेखी कितनी भारी पड़ सकती है। घनी आबादी के बीच चल रहे ऐसे गोदामों के लिए सख्त गाइडलाइन्स और नियमित जांच समय की मांग है।

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

और पढ़ें

​Dehradun BJP Councillor House Robbery: देहरादून में भाजपा पार्षद के घर सनसनीखेज वारदात, नौकर ने परिजनों को दिया जहरीला पदार्थ, लाखों के जेवर लेकर फरार

​PM Modi Kedarnath Visit: अक्तूबर में बाबा केदार के धाम पहुंचेंगे पीएम मोदी, पूजा-अर्चना के बाद लेंगे पुनर्निर्माण कार्यों का जायजा

​Haridwar Name Change Proposal: चमगादड़ टापू अब कहलाएगा गंगाद्वीप, रोड़ी बेलवाला का नाम हरि वन रखने का प्रस्ताव

रुड़की में हिन्दू रक्षा दल के जिलाध्यक्ष विशाल चौहान को मारी गोली, दो दिन पहले हुआ था विवाद

​Kedarnath Yatra Resumes: चीरबासा में मार्ग साफ, गौरीकुंड से केदारनाथ धाम के लिए पैदल आवाजाही बहाल

​Uttarkashi Fire Incident: मोरी के आराकोट में देर रात स्वास्थ्य केंद्र परिसर में आग, सेवानिवृत्त एएनएम की दर्दनाक मौत

Leave a Comment