देहरादून के परम विहार क्षेत्र में बुधवार देर रात संरक्षित पशु के अवशेष मिलने से माहौल अचानक तनावपूर्ण हो गया। घटना सामने आते ही बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने कटान का आरोप लगाते हुए कड़ा विरोध दर्ज कराया और सड़क पर उतरकर प्रदर्शन शुरू कर दिया।
मीट की दुकानों पर छापे, लाइसेंस मांगने पर बढ़ा विवाद
परम विहार के मैदान में मिले अवशेषों की सूचना फैलते ही बड़ी संख्या में बजरंग दल कार्यकर्ता वहां पहुंच गए। पुलिस टीम भी मौके पर पहुंची और प्रारंभिक जांच की। अवशेषों को देखकर कार्यकर्ताओं ने जोरदार नारेबाजी शुरू कर दी और इसके बाद भीड़ सहारनपुर रोड की ओर बढ़ गई।
उधर, कई लोग पुलिस के साथ क्षेत्र की मीट दुकानों पर पहुंचे और उनसे लाइसेंस दिखाने की मांग की। दुकानदार लाइसेंस पेश नहीं कर सके, जिसके चलते स्थिति और अधिक तनावपूर्ण हो गई।
कार्यकर्ताओं का सड़क पर धरना, जाम से यातायात प्रभावित
विरोध बढ़ने पर बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने सड़क पर ही धरना दे दिया, जिसके कारण सहारनपुर रोड पर लंबा जाम लग गया। जब पुलिस ने उन्हें हटाने का प्रयास किया तो कई कार्यकर्ता सड़क पर लेट गए, जिससे अफरा-तफरी मच गई।
सीओ सदर अंकित कंडारी मौके पर पहुंचे और प्रदर्शनकारियों को शांत करने का प्रयास किया। काफी समझाने-बुझाने के बाद कार्यकर्ता सड़क से हटे और ट्रैफिक बहाल हो सका।
चिकित्सकों की टीम मौके पर बुलाई गई, गड़बड़ी मिलने पर दुकान सील होगी
सीओ अंकित कंडारी ने बताया कि मीट की दुकानों की जांच के लिए मौके पर ही पशु चिकित्सकों की टीम को बुलाया गया है।
उन्होंने स्पष्ट किया कि—
- यदि किसी दुकान में अनियमितता या अवैध कटान के संकेत मिले,
- या लाइसेंस में कमी पाई गई,
तो संबंधित दुकान को तुरंत सील कर दिया जाएगा।
इसके लिए नगर निगम के साथ एक संयुक्त अभियान चलाया जाएगा।
स्थिति बिगड़ने पर अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती
हंगामा देर रात तक जारी रहा और भीड़ बढ़ने लगी। तनाव को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने अतिरिक्त फोर्स बुलाने का फैसला लिया।
कुछ समय तक माहौल गर्म रहा, लेकिन भारी पुलिस बल की मौजूदगी के बाद स्थिति धीरे-धीरे नियंत्रण में आई।
आज से शुरू होगा व्यापक जांच अभियान
घटना के बाद अधिकारियों ने घोषणा की कि गुरुवार से नगर निगम और पुलिस संयुक्त रूप से मीट दुकानों की चेकिंग शुरू करेंगे।
अभियान के मुख्य बिंदु—
- हर दुकान का लाइसेंस और वैधता की जांच
- कटान मानकों का सत्यापन
- अनियमित पाए जाने पर दुकान बंद
सीओ सदर ने आश्वासन दिया है कि मामले की पूरी पारदर्शिता से जांच होगी और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।








