उत्तराखंड में देहरादून के लांघा रोड और होरावाला क्षेत्र में अवैध प्लाटिंग के खिलाफ मसूरी देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) ने जबरदस्त कार्रवाई की। इस अभियान के तहत कुल 125 बीघा भूमि पर की जा रही अवैध प्लाटिंग को ध्वस्त कर दिया गया। यह कदम अव्यवस्थित और अनियोजित विकास के खिलाफ प्राधिकरण की सख्त नीति का हिस्सा है, जिससे यह स्पष्ट संदेश दिया गया कि बिना अनुमोदन के किसी भी भूमि का विभाजन और अवैध कॉलोनियों का निर्माण किसी भी कीमत पर सहन नहीं किया जाएगा।
अनियोजित विकास पर शिकंजा
एमडीडीए द्वारा गुरुवार को की गई इस कार्रवाई में होरावाला रोड स्थित छरबा आईटीआई के पास 25 बीघा और लांघा रोड स्थित छरबा सहसपुर में लगभग 100 बीघा भूमि पर अवैध प्लाटिंग, आंतरिक सड़कों का निर्माण और सीमांकन ध्वस्त किया गया। इन दोनों स्थानों पर प्राधिकरण की पूर्व स्वीकृति के बिना भूखंडों की बिक्री और कालोनी का अवैध विकास हो रहा था।
नियोजित विकास को प्राथमिकता
एमडीडीए उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी ने इस कार्रवाई के बाद कहा कि प्राधिकरण क्षेत्र में कोई भी व्यक्ति नियमों का उल्लंघन करते हुए अवैध कालोनियों का विकास नहीं कर सकेगा। उनका कहना था कि इस तरह के अनियोजित विकास से न केवल शहरी अव्यवस्था फैलती है, बल्कि भविष्य की विकास योजनाओं पर भी प्रतिकूल असर पड़ता है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि एमडीडीए आगे भी इस प्रकार की कड़ी कार्रवाई जारी रखेगा, ताकि केवल नियोजित और सुव्यवस्थित विकास को बढ़ावा मिले।
टीम और पुलिस की मौजूदगी में कार्रवाई
इस सख्त कार्रवाई में प्राधिकरण का तकनीकी दल, सहायक अभियंता शशांक सक्सेना, अवर अभियंता सिद्धार्थ सेमवाल, और सुपरवाइजर मनीष नौटियाल शामिल थे, साथ ही पर्याप्त पुलिस बल भी तैनात था ताकि कार्रवाई सुचारु रूप से हो सके।
इस कदम से स्पष्ट हो गया है कि उत्तराखंड में अवैध प्लाटिंग और कॉलोनियों के खिलाफ एमडीडीए ने अब एक मजबूत और कठोर रुख अपनाया है।
उत्तराखंड में अवैध प्लाटिंग पर चला बुलडोज़र, 125 बीघा भूमि ध्वस्त
On: February 6, 2026 9:05 AM






