Uttarakhand Adds 321 Nursing Seats, Total Reaches 11,495
अल्मोड़ा बागेश्वर चमोली चम्पावत देहरादून हरिद्वार नैनीताल पौड़ी गढ़वाल पिथौरागढ़ रुद्रप्रयाग टिहरी गढ़वाल उधम सिंह नगर उत्तरकाशी

Uttarakhand Nursing Education: 321 नई सीटें बढ़ीं, कुल 11,495 हुईं Japan और Germany में भी मिल रहा रोजगार

On: October 17, 2026 4:14 PM
Follow Us:
Uttarakhand Nursing Education: 321 new seats added, bringing the total to 11,495; employment opportunities also available in Japan and Germany.

देहरादून: उत्तराखंड में नर्सिंग की पढ़ाई करने वाले युवाओं के लिए शैक्षणिक अवसरों का विस्तार हुआ है। जुलाई 2021 के बाद प्रदेश में तीन नए सरकारी नर्सिंग कॉलेज स्थापित किए गए हैं, जिनसे विभिन्न पाठ्यक्रमों में 321 अतिरिक्त सीटें बढ़ी हैं। अब सरकारी और निजी संस्थानों को मिलाकर राज्य में नर्सिंग की कुल सीटों की संख्या 11,495 हो गई है। इनमें सरकारी कॉलेजों में 879 और निजी संस्थानों में 10,616 सीटें शामिल हैं।

राज्य सरकार का जोर नर्सिंग शिक्षा के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने, शिक्षकों की नियुक्ति और विद्यार्थियों को देश-विदेश में रोजगार के अवसरों से जोड़ने पर है। इसी दिशा में नर्सिंग विद्यार्थियों को जापानी, जर्मन और स्पेनिश भाषाओं का प्रशिक्षण भी दिया जा रहा है।

हर दिशा से जुड़ रहा "उत्तराखण्ड"

Uttarakhand Nursing Education: तीन नए सरकारी Nursing Colleges से बढ़ीं 321 सीटें

उत्तराखंड में जुलाई 2021 के बाद तीन नए राजकीय नर्सिंग कॉलेज स्थापित किए गए। इन संस्थानों में अलग-अलग पाठ्यक्रमों के माध्यम से कुल 321 अतिरिक्त सीटें जोड़ी गई हैं।

स्वरोजगार एवं उद्यमिता योजनाएँ

इनमें 151 सीटें BSc Nursing, 120 सीटें MSc Nursing, 20 सीटें Nurse Practitioner in Critical Care (NPCC) और 30 सीटें Nurse Practitioner in Midwifery (NPM) के लिए हैं। इस विस्तार के बाद सरकारी नर्सिंग कॉलेजों में विभिन्न पाठ्यक्रमों की कुल सीटें बढ़कर 879 हो गई हैं।

नर्सिंग शिक्षा में सीटें बढ़ने से विद्यार्थियों को प्रशिक्षण के अधिक अवसर मिल सकते हैं। हालांकि, शिक्षा की गुणवत्ता बनाए रखने के लिए पर्याप्त शिक्षक, क्लिनिकल ट्रेनिंग और अस्पतालों में व्यावहारिक अनुभव की उपलब्धता भी महत्वपूर्ण है।

Private Nursing Institutions में 10,616 सीटें

प्रदेश में नर्सिंग शिक्षा का बड़ा हिस्सा निजी संस्थानों के माध्यम से संचालित हो रहा है। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, निजी नर्सिंग संस्थानों में विभिन्न पाठ्यक्रमों की कुल 10,616 सीटें हैं।

जुलाई 2021 के बाद 76 निजी नर्सिंग संस्थानों को पाठ्यक्रम संचालित करने के लिए अनिवार्यता प्रमाणपत्र जारी किए गए। इन संस्थानों में विभिन्न पाठ्यक्रमों की 5,138 सीटों को मंजूरी दी गई। उत्तराखंड के अलावा उत्तर प्रदेश, पंजाब, हिमाचल प्रदेश, हरियाणा, बिहार और पूर्वोत्तर राज्यों के विद्यार्थी भी यहां नर्सिंग की पढ़ाई कर रहे हैं।

सरकारी और निजी संस्थानों की कुल सीटें मिलाकर 11,495 होती हैं। इससे प्रदेश में नर्सिंग शिक्षा की उपलब्ध क्षमता का अंदाजा मिलता है। विद्यार्थियों के लिए कॉलेज चुनते समय मान्यता, फीस, प्रशिक्षण सुविधाओं और अस्पतालों से जुड़ी क्लिनिकल ट्रेनिंग की जानकारी लेना जरूरी है।

Japan और Germany में भी मिल रही Nursing Jobs

उत्तराखंड में नर्सिंग विद्यार्थियों को विदेशों में रोजगार के अवसरों के लिए तैयार करने पर भी ध्यान दिया जा रहा है। इसके तहत व्यावसायिक शिक्षा के साथ जापानी, जर्मन और स्पेनिश भाषाओं का प्रशिक्षण उपलब्ध कराया जा रहा है।

चिकित्सा शिक्षा विभाग की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार, वर्ष 2023 में दो बैचों के 60 अभ्यर्थियों को जापान में रोजगार मिला था। वहीं, वर्ष 2025 में 13 अभ्यर्थियों को जर्मनी में नौकरी मिली। ये आंकड़े राज्य में नर्सिंग प्रशिक्षण को अंतरराष्ट्रीय रोजगार की संभावनाओं से जोड़ने के प्रयासों को दर्शाते हैं।

विदेश में नर्सिंग की नौकरी पाने के लिए केवल डिग्री पर्याप्त नहीं होती। संबंधित देश की भाषा में दक्षता, पेशेवर पंजीकरण, योग्यता की मान्यता, लाइसेंसिंग परीक्षा और वीजा संबंधी शर्तें भी पूरी करनी पड़ सकती हैं। इसलिए विदेश में काम करने के इच्छुक विद्यार्थियों को आवेदन से पहले संबंधित देश की आधिकारिक आवश्यकताओं की जांच करनी चाहिए।

Uttarakhand Nursing Education: Nursing Teachers की नियुक्ति पर भी जोर

नर्सिंग कॉलेजों में सीटें बढ़ाने के साथ शिक्षकों की उपलब्धता को मजबूत करने की दिशा में भी कदम उठाए गए हैं। चिकित्सा शिक्षा निदेशक डॉ. आशुतोष सयाना के अनुसार, दिसंबर 2021 में 40 नर्सिंग ट्यूटर नियुक्त किए गए थे। जून 2025 तक 26 और ट्यूटर नियुक्त हुए, जिससे नियमित नर्सिंग ट्यूटरों की संख्या 66 हो गई।

अक्टूबर 2022 में आठ असिस्टेंट प्रोफेसर और एक एसोसिएट प्रोफेसर सहित नौ संकाय सदस्यों की नियुक्ति की गई थी। नवंबर 2025 में सात और संकाय सदस्यों की नियुक्ति हुई। विभाग ने 16 असिस्टेंट प्रोफेसरों की नियुक्ति प्रक्रिया आगे बढ़ाने और 30 नर्सिंग ट्यूटर पदों के लिए भर्ती का अधियाचन भेजने की जानकारी भी दी है।

शिक्षकों की पर्याप्त संख्या नर्सिंग शिक्षा में महत्वपूर्ण है, क्योंकि इस क्षेत्र में कक्षा की पढ़ाई के साथ मरीजों की देखभाल, अस्पताल में प्रशिक्षण और व्यावहारिक कौशल का विशेष महत्व होता है।

हर साल 12,000 से 15,000 अभ्यर्थी लेते हैं प्रवेश परीक्षा में हिस्सा

उत्तराखंड में नर्सिंग पाठ्यक्रमों के प्रति विद्यार्थियों की रुचि भी बनी हुई है। उपलब्ध सरकारी आंकड़ों के अनुसार, हेमवती नंदन बहुगुणा उत्तराखंड चिकित्सा शिक्षा विश्वविद्यालय की प्रवेश परीक्षा में हर साल लगभग 12,000 से 15,000 अभ्यर्थी आवेदन करते हैं।

ऐसे में सीटों का विस्तार अधिक विद्यार्थियों को नर्सिंग शिक्षा तक पहुंच देने की दिशा में महत्वपूर्ण हो सकता है। साथ ही, कॉलेजों में उपलब्ध सीटों और प्रवेश परीक्षा में शामिल होने वाले अभ्यर्थियों की संख्या के बीच अंतर यह भी दिखाता है कि प्रवेश के लिए प्रतिस्पर्धा बनी हुई है।

शिक्षा से रोजगार तक जोड़ने की कोशिश

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के अनुसार, सरकार का उद्देश्य गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने और युवाओं को भारत तथा विदेश में रोजगार के अवसरों से जोड़ना है। नर्सिंग कॉलेजों में सीटों का विस्तार, संकाय सदस्यों की नियुक्ति और विदेशी भाषाओं का प्रशिक्षण इसी दिशा में किए जा रहे प्रयासों का हिस्सा हैं।

उत्तराखंड में सरकारी और निजी संस्थानों को मिलाकर नर्सिंग की 11,495 सीटें होना शिक्षा के बढ़ते दायरे को दर्शाता है। जापान और जर्मनी में प्रशिक्षित अभ्यर्थियों को मिली नौकरियां विदेश में रोजगार की संभावनाओं का उदाहरण हैं। आगे इस पहल की सफलता इस बात पर भी निर्भर करेगी कि विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण, आवश्यक लाइसेंसिंग मार्गदर्शन और रोजगार तक पारदर्शी पहुंच कितनी प्रभावी ढंग से मिलती है।

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

और पढ़ें

Uttarakhand Startups: Number grows from 700 to over 1,700; youth return to villages to create employment—success stories range from solar cars to Guchhi mushrooms.

Uttarakhand Startups: 700 से बढ़कर 1700 पार हुई संख्या, गांव लौटकर रोजगार दे रहे युवा Solar Car से Guchhi Mushroom तक की सफलता

Uttarakhand Congress leaders and workers hold a candle march in Dehradun demanding justice in the Ankita Bhandari Case and questioning the VIP’s appointment as governor.

Ankita Bhandari Case: VIP को राज्यपाल बनाने पर कांग्रेस का सवाल, देहरादून में कैंडल मार्च से बढ़ा सियासी घमासान

Uttarakhand Cabinet Minister Rekha Arya responds to ₹210 crore allegations and her complaint against husband Girdhari Lal Sahu amid an SIT investigation.

Rekha Arya Controversy: अस्पताल से मंत्री का बड़ा बयान, 210 करोड़ के आरोपों पर दी चुनौती, बोलीं- सबूत हैं तो सामने लाएं

Congress leaders and party workers hold a bike rally in Dehradun demanding justice in the Ankita Bhandari murder case and an investigation into the alleged VIP connection.

Ankita Bhandari Murder Case: अंकिता को न्याय दिलाने के लिए देहरादून में कांग्रेस की बाइक रैली, कथित VIP को लेकर सरकार पर साधा निशाना

Uttarakhand minister Rekha Arya and Congress leaders amid the controversy involving allegations of domestic violence and corruption.

Rekha Arya Controversy: रेखा आर्या विवाद पर कांग्रेस का धामी सरकार से सवाल, भ्रष्टाचार के आरोपों की जांच की मांग!

​Rekha Arya Hospitalized: उत्तराखंड की कैबिनेट मंत्री रेखा आर्या की अचानक तबीयत बिगड़ी, देहरादून के अस्पताल में कराया गया भर्ती

Leave a Comment