देहरादून | विशेष संवाददाता
उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में एक बार फिर तेज रफ्तार और अनियंत्रित वाहन ने एक होनहार युवा की जान ले ली। क्लेमेंटटाउन थाना क्षेत्र अंतर्गत चार खंबा चौक पर रविवार रात एक बेहद खौफनाक और दर्दनाक हादसा सामने आया, जहाँ एक अनियंत्रित मिक्सर ट्रैक्टर की चपेट में आने से ग्राफिक एरा यूनिवर्सिटी की 18 वर्षीय बीटेक छात्रा की असमय मौत हो गई।
हादसे के वक्त मृतका अपनी बड़ी बहन के साथ सड़क किनारे पैदल अपने कमरे की ओर लौट रही थी। इस घटना के बाद इलाके में भारी शोक और आक्रोश का माहौल है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दुर्घटनाग्रस्त वाहन को जब्त कर चालक को हिरासत में ले लिया है।
कैसे हुआ यह खौफनाक हादसा?
प्राप्त जानकारी के अनुसार, दुर्घटना रविवार (9 अगस्त) की रात करीब 8:45 बजे हुई। दिल्ली के पटेलनगर (शादीपुर मेट्रो स्टेशन के पास) की रहने वाली वैष्णवी रावत (18 वर्ष), पुत्री प्रदीप सिंह रावत, देहरादून स्थित प्रसिद्ध ग्राफिक एरा यूनिवर्सिटी से बी.टेक (B.Tech) प्रथम वर्ष की पढ़ाई कर रही थी।
घटना वाले दिन वैष्णवी अपनी बड़ी बहन कृतिका रावत के साथ क्लेमेंटटाउन के ‘चार खंबा चौक’ के पास पैदल टहलते हुए अपने कमरे की ओर जा रही थीं। दोनों बहनें सड़क के किनारे सामान्य रूप से चल रही थीं, तभी अचानक पीछे से अत्यधिक तेज रफ्तार में आ रहे एक सीमेंट मिक्सर ट्रैक्टर ने वैष्णवी को जोरदार टक्कर मार दी।
टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि वैष्णवी का संतुलन बिगड़ गया और वह सीधे भारी-भरकम मिक्सर ट्रैक्टर के पहिए के नीचे आ गई। हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई। बड़ी बहन कृतिका के सामने ही वैष्णवी गंभीर रूप से लहूलुहान हो गई, जिसे देखकर उपस्थित लोग स्तब्ध रह गए।
अस्पताल में डॉक्टरों ने घोषित किया मृत
दुर्घटना होते ही स्थानीय लोगों और राहगीरों की भारी भीड़ एकत्र हो गई। लोगों ने तुरंत पुलिस आपातकालीन नंबर पर घटना की जानकारी दी। सूचना मिलते ही क्लेमेंटटाउन थाना पुलिस दल-बल के साथ बिना किसी देरी के मौके पर पहुंची।
पुलिस ने स्थानीय लोगों की मदद से गंभीर रूप से घायल वैष्णवी को 108 एंबुलेंस के जरिए तत्काल नजदीकी वेलमेड अस्पताल पहुंचाया। हालांकि, वैष्णवी को काफी गंभीर चोटें आई थीं और बहुत अधिक खून बह चुका था। अस्पताल के डॉक्टरों ने प्राथमिक जांच और परीक्षण के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। होनहार छात्रा की मौत की खबर मिलते ही उसकी बहन और सहपाठियों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई: वाहन जब्त, चालक हिरासत में
घटना के तुरंत बाद पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए दुर्घटना को अंजाम देने वाले सीमेंट मिक्सर ट्रैक्टर (वाहन संख्या: UP 12 BF 7297) को कब्जे में ले लिया। सुरक्षा के दृष्टिकोण से और किसी भी प्रकार के कानून-व्यवस्था के संकट को टालने के लिए पुलिस चालक को तुरंत हिरासत में लेकर क्लेमेंटटाउन थाने ले आई।
थाना क्लेमेंटटाउन प्रभारी मोहन सिंह का आधिकारिक बयान:
”रात लगभग 8:45 बजे चार खंबा चौक के पास हादसे की सूचना मिली थी। पुलिस टीम ने तत्काल मौके पर पहुंचकर घायल छात्रा को वेलमेड अस्पताल में भर्ती कराया, जहाँ डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। दुर्घटनाग्रस्त मिक्सर ट्रैक्टर को जब्त कर चालक को हिरासत में ले लिया गया है। परिजनों की तहरीर प्राप्त होते ही आरोपी चालक के खिलाफ वैधानिक धाराओं में मुकदमा दर्ज कर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।”
परिजनों में पसरा मातम, आज होगा पोस्टमार्टम
पुलिस प्रशासन द्वारा घटना की जानकारी तत्काल दिल्ली स्थित मृतका के परिजनों को दे दी गई है। सूचना मिलते ही वैष्णवी के घर में कोहराम मच गया और परिजन देहरादून के लिए रवाना हो गए।
थाना प्रभारी मोहन सिंह ने बताया कि रात अधिक हो जाने के कारण शव का पंचायतनामा और पोस्टमार्टम की प्रक्रिया रविवार को पूरी नहीं की जा सकी। सोमवार को परिजनों की मौजूदगी में शव का पंचायतनामा भरकर पोस्टमार्टम कराया जाएगा, जिसके पश्चात शव परिजनों को सौंप दिया जाएगा।
भारी वाहनों की नो-एंट्री और रफ्तार पर उठे सवाल
इस दुखद घटना ने एक बार फिर देहरादून की सड़कों पर दौड़ते भारी और व्यावसायिक वाहनों की गति तथा नो-एंट्री नियमों के पालन पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
• रैश ड्राइविंग: स्थानीय निवासियों का आरोप है कि क्लेमेंटटाउन और यूनिवर्सिटी इलाकों में निर्माण कार्य में लगे ट्रैक्टर और डंपर अक्सर तेज रफ्तार और लापरवाही से चलाए जाते हैं।
• छात्रों की सुरक्षा: चार खंबा चौक और आसपास का क्षेत्र शिक्षण संस्थानों के पास होने के कारण यहाँ छात्रों की आवाजाही ज्यादा रहती है। ऐसे में तेज रफ्तार मिक्सर ट्रैक्टर का इस तरह बेकाबू होकर चलना सुरक्षा तंत्र पर सवाल खड़े करता है।
फिलहाल पुलिस आसपास के सीसीटीवी (CCTV) फुटेज को खंगाल रही है ताकि हादसे की सटीक वजह और चालक की लापरवाही का पूरा ब्योरा जुटाया जा सके। नगरवासियों ने प्रशासन से मांग की है कि छात्र बाहुल्य क्षेत्रों में भारी वाहनों की रफ्तार पर कड़ा अंकुश लगाया जाए ताकि भविष्य में किसी अन्य मासूम को अपनी जान न गंवानी पड़े।







