मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रदेश की सड़क व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए लोक निर्माण विभाग को बड़ा आदेश दिया है। उन्होंने निर्देश दिए हैं कि 31 अक्टूबर तक प्रदेश की सभी सड़कें गड्ढा मुक्त कर दी जाएं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि मानसून के दौरान क्षतिग्रस्त हुई सड़कों की मरम्मत को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए और काम की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान रखा जाए। उन्होंने अधिकारियों को चेतावनी दी कि किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
धामी ने निर्देश दिया कि इस अभियान को मिशन मोड में चलाया जाए और साप्ताहिक समीक्षा की जाए। उन्होंने कहा कि इस साल की बारिश और आपदाओं से लगभग हर जिले की सड़कें सबसे ज्यादा प्रभावित हुई हैं, जिससे आम जनता और वाहनों को आवाजाही में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
मुख्यमंत्री आवास में मंगलवार को हुई उच्च स्तरीय बैठक में धामी ने साफ कहा कि अब जब मानसून समाप्त हो चुका है, तो सभी विभाग तेजी से धरातल पर काम शुरू करें। उन्होंने लोक निर्माण विभाग को सख्त निर्देश देते हुए कहा कि क्षतिग्रस्त सड़कों की मरम्मत और पुनर्निर्माण कार्य प्राथमिकता के आधार पर पूरे किए जाएं और सभी सड़कें तय समयसीमा तक गड्ढा मुक्त हों।
साथ ही, उन्होंने उन क्षेत्रों पर विशेष निगरानी रखने को कहा जहां से बार-बार सड़क संबंधी शिकायतें सामने आती हैं।
बैठक में प्रमुख सचिव आर.के. सुधांशु, सचिव शैलेश बगौली, डॉ. पंकज पांडेय, विनय शंकर पांडेय, अपर पुलिस महानिदेशक ए.पी. अंशुमान, विशेष सचिव पराग मधुकर धकाते और अपर सचिव बंशीधर तिवारी मौजूद रहे।





