अल्मोड़ा बागेश्वर चमोली चम्पावत देहरादून हरिद्वार नैनीताल पौड़ी गढ़वाल पिथौरागढ़ रुद्रप्रयाग टिहरी गढ़वाल उधम सिंह नगर उत्तरकाशी

उत्तराखंड: 12 सोलर कंपनियों को बड़ा झटका, प्रोजेक्ट रद्द होने के फैसले पर पुनर्विचार याचिका भी हुई खारिज

On: July 25, 2025 6:52 AM
Follow Us:

प्रदेश में सौर ऊर्जा परियोजनाओं को लेकर बड़ा फैसला सामने आया है। उत्तराखंड विद्युत नियामक आयोग ने राज्य में सोलर प्लांट स्थापित करने वाली 12 कंपनियों की पुनर्विचार याचिका को खारिज कर दिया है। इन सभी कंपनियों को वर्ष 2019-20 में उत्तराखंड अक्षय ऊर्जा अभिकरण (UREDA) द्वारा पुरानी सौर ऊर्जा नीति 2013 के तहत परियोजनाएं आवंटित की गई थीं।

कोविड काल के चलते इन फर्मों को समय पर प्रोजेक्ट पूरा नहीं करने पर अतिरिक्त समय दिया गया, लेकिन अब नियामक आयोग ने परियोजनाओं के आवंटन को रद्द करने के अपने पहले के फैसले को ही बरकरार रखा है।

समय विस्तार के बावजूद नहीं दिखा काम, रिपोर्ट में बड़े खुलासे

इन फर्मों को पहले एक वर्ष में प्रोजेक्ट तैयार करना था, लेकिन कोरोना महामारी के चलते निर्माण अवधि को बढ़ाकर पहले 31 मार्च 2024 और फिर 31 दिसंबर 2024 तक कर दिया गया। जब फर्मों ने एक बार फिर समय विस्तार की मांग की, तो मामला नियामक आयोग के पास पहुंचा।

आयोग ने सभी कंपनियों की प्रगति रिपोर्ट मांगी, जिसमें चौंकाने वाली बातें सामने आईं:

दो कंपनियों ने लीज दस्तावेज में एक ही बैंक खाता नंबर दे दिया।

दो कंपनियों ने एक ही जमीन की अलग-अलग छोर से गूगल मैपिंग करके अलग-अलग लोकेशन बताई।

इन अनियमितताओं को देखते हुए आयोग ने 27 मार्च 2025 को स्वत: संज्ञान लेते हुए सभी 12 परियोजनाओं के आवंटन को रद्द कर दिया था।

पुनर्विचार याचिका में भी फेल हुईं कंपनियां

परियोजनाएं रद्द होने के बाद सभी कंपनियों ने मिलकर नियामक आयोग में पुनर्विचार याचिका दायर की, लेकिन आयोग के अध्यक्ष एमएल प्रसाद और सदस्य (विधि) अनुराग शर्मा की पीठ ने पाया कि कोई भी कंपनी ऐसा नया तथ्य या प्रमाण नहीं दे पाई जिससे निर्णय पर पुनर्विचार किया जा सके।

यह भी सामने आया कि अब तक:

कंपनियों के पास पूरी जमीन उपलब्ध नहीं है।

न ही प्रोजेक्ट के लिए ऋण (Loan) की प्रक्रिया पूरी हुई है।

UREDA और यूपीसीएल की तरफ से भी कोई ठोस या संतोषजनक जवाब नहीं मिला।

किन-किन कंपनियों को हुआ नुकसान

इन 12 कंपनियों की परियोजनाएं रद्द की गईं:

पीपीएम सोलर एनर्जी

एआर सन टेक

पशुपति सोलर एनर्जी

दून वैली सोलर पावर

मदन सिंह जीना

दारदौर टेक्नोलॉजी

एसआरए सोलर एनर्जी

प्रिस्की टेक्नोलॉजी

हर्षित सोलर एनर्जी

जीसीएस सोलर एनर्जी

देवेंद्र एंड संस एनर्जी

डेलीहंट एनर्जी

राज्य के ऊर्जा लक्ष्य को नुकसान, लेकिन यूपीसीएल को राहत

उत्तराखंड सरकार ने सौर ऊर्जा नीति 2023 के तहत दिसंबर 2027 तक 2500 मेगावाट सौर ऊर्जा उत्पादन का लक्ष्य रखा है। इन 15.5 मेगावाट के प्रोजेक्ट्स के रद्द होने से लक्ष्य को आंशिक नुकसान जरूर पहुंचा है।

हालांकि, विशेषज्ञों का मानना है कि यह फैसला यूपीसीएल के हित में रहा, क्योंकि यदि ये परियोजनाएं अत्यधिक देरी से शुरू होतीं तो बिजली की खरीद पुरानी दरों पर होती, जिससे वित्तीय घाटा होता।

यह भी पढें- उत्तराखंड के चार सरकारी स्कूलों को मिले बलिदानियों और स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के नाम, सीएम धामी ने दी स्वीकृति

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

Leave a Comment