हल्द्वानी। भारतीय सेना के अदम्य साहस और ‘ऑपरेशन सिंदूर’ की ऐतिहासिक सफलता को समर्पित करते हुए कांग्रेस पार्टी 31 मई को हल्द्वानी में ‘जय हिंद रैली’ का आयोजन करने जा रही है। यह रैली देशभर में कांग्रेस द्वारा आयोजित की जा रही राष्ट्रव्यापी श्रृंखला का हिस्सा है, जिसका उद्देश्य देश की सुरक्षा में लगे जवानों के शौर्य को नमन करना है।
इस संबंध में निर्णय प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष करन माहरा की अध्यक्षता में हुई एक वर्चुअल बैठक में लिया गया। बैठक में प्रदेश प्रभारी कुमारी शैलजा, वरिष्ठ उपाध्यक्ष सूर्यकांत धस्माना समेत कई वरिष्ठ नेताओं ने भाग लिया। कुमारी शैलजा ने सभी नेताओं से अपील की कि वे रैली को ऐतिहासिक रूप से सफल बनाने में सक्रिय भूमिका निभाएं। उन्होंने कहा कि यह केवल राजनीतिक आयोजन नहीं, बल्कि देश की सेना और जवानों के सम्मान का प्रतीक है।
बैठक में कुमारी शैलजा ने केंद्र सरकार और भाजपा पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि ऑपरेशन सिंदूर की सफलता का श्रेय सत्ताधारी भाजपा जबरन खुद लेने का प्रयास कर रही है, जबकि यह उपलब्धि पूरी तरह से भारतीय सेना की है। उन्होंने कहा कि इस पर देश का हर नागरिक गर्व महसूस कर रहा है, लेकिन भाजपा इसे राजनीतिक हथियार की तरह इस्तेमाल कर रही है, जिससे जनमानस में आक्रोश है।
उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा के कुछ वरिष्ठ नेताओं ने हाल ही में ऐसे विवादास्पद बयान दिए, जो राष्ट्रविरोधी और सेना के मनोबल को ठेस पहुंचाने वाले हैं। दुर्भाग्यपूर्ण यह है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने अब तक इन बयानों पर कोई प्रतिक्रिया या कार्रवाई नहीं की है।
प्रदेश कांग्रेस संगठन व प्रशासन के वरिष्ठ उपाध्यक्ष सूर्यकांत धस्माना ने बताया कि रैली को लेकर प्रदेशभर के प्रशिक्षण शिविरों, संगठनों और कार्यकर्ताओं को सक्रिय किया गया है। उन्होंने कहा कि यह रैली भाजपा के दोहरे चरित्र को उजागर करेगी और जनता को बताएगी कि असली राष्ट्रभक्ति सिर्फ दिखावे से नहीं, बल्कि सेना और देश के सच्चे सम्मान से होती है।
हल्द्वानी में आयोजित होने वाली यह ‘जय हिंद रैली’ न केवल कांग्रेस का एक बड़ा शक्ति प्रदर्शन होगी, बल्कि देश की सुरक्षा में लगे हर जवान के प्रति सम्मान और समर्थन की आवाज भी बनेगी।





