चंपावत/पिथौरागढ़: उत्तराखंड के युवाओं के लिए भारतीय सेना में शामिल होने का एक बड़ा अवसर सामने आया है। कुमाऊं मंडल के अंतर्गत पिथौरागढ़ और चंपावत जिलों के युवाओं के लिए बनबसा मिलिट्री स्टेशन में अग्निवीर भर्ती रैली की ऑनलाइन सामान्य प्रवेश परीक्षा (CEE) का आयोजन होने जा रहा है। आगामी 27 फरवरी से शुरू होने वाली यह चयन प्रक्रिया 5 मार्च तक चलेगी। इस भर्ती रैली को लेकर सेना और स्थानीय प्रशासन ने सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं।
भर्ती का पूरा शेड्यूल और अभ्यर्थियों की संख्या
आर्मी रिक्रूटमेंट ऑफिस (ARO) पिथौरागढ़ से प्राप्त आधिकारिक जानकारी के अनुसार, इस भर्ती रैली में ऑनलाइन परीक्षा के माध्यम से शॉर्टलिस्ट किए गए लगभग 4000 से अधिक अभ्यर्थी अपनी किस्मत आजमाएंगे। प्रशासन ने जिलेवार तिथियां भी निर्धारित कर दी हैं ताकि व्यवस्था बनी रहे।
अपर जिलाधिकारी कृष्णनाथ गोस्वामी ने तैयारियों का जायजा लेने के बाद बताया कि 27 और 28 फरवरी को पिथौरागढ़ जिले के लगभग 2500 अभ्यर्थी परीक्षा में शामिल होंगे। इसके बाद 1, 2 और 3 मार्च को चंपावत जिले के लगभग 1500 अभ्यर्थियों की परीक्षा आयोजित की जाएगी। यह पूरी प्रक्रिया मुख्यालय भर्ती क्षेत्र (उत्तर प्रदेश एवं उत्तराखंड) की देखरेख में संपन्न होगी।
इन श्रेणियों में होगा चयन
इस भर्ती प्रक्रिया के माध्यम से भारतीय सेना में अग्निवीर की विभिन्न श्रेणियों के रिक्त पदों को भरा जाएगा। इसमें मुख्य रूप से निम्नलिखित श्रेणियां शामिल हैं:
- अग्निवीर सामान्य ड्यूटी (GD)
- अग्निवीर लिपिक (Clerk) व स्टोरकीपर
- अग्निवीर तकनीकी (Technical)
- अग्निवीर ट्रेड्समैन (10वीं पास और 8वीं पास)
जरूरी दस्तावेज: इनके बिना नहीं मिलेगी एंट्री
सेना ने अभ्यर्थियों के लिए सख्त निर्देश जारी किए हैं कि वे रैली स्थल पर अपने सभी मूल प्रमाण पत्र (Original Documents) साथ लेकर आएं। दस्तावेजों की कमी होने पर अभ्यर्थी को प्रक्रिया से बाहर किया जा सकता है। आवश्यक दस्तावेजों की सूची इस प्रकार है: - शैक्षणिक प्रमाण पत्र: हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट के मूल अंकपत्र और प्रमाण पत्र।
- पहचान व निवास: मूल निवास प्रमाण पत्र और जाति प्रमाण पत्र (यदि लागू हो)।
- चरित्र व वैवाहिक स्थिति: हाल ही में जारी किया गया चरित्र प्रमाण पत्र और अविवाहित प्रमाण पत्र।
- विशेष योग्यता (यदि हो): एनसीसी (NCC) सर्टिफिकेट, खेल प्रमाण पत्र (राज्य या राष्ट्रीय स्तर) और रिलेशन सर्टिफिकेट (यदि अभ्यर्थी सैन्य परिवार से संबंधित है)।
सभी शॉर्टलिस्टेड उम्मीदवारों को उनके पंजीकृत मोबाइल नंबर पर विस्तृत दिशा-निर्देश और संदेश पहले ही भेज दिए गए हैं।
पारदर्शिता के लिए तकनीक का सहारा
भर्ती प्रक्रिया को पूरी तरह निष्पक्ष और पारदर्शी बनाने के लिए सेना ने विशेष कदम उठाए हैं। एआरओ द्वारा एक यूट्यूब वीडियो लिंक भी जारी किया गया है, जिसमें ‘अभिलेख सत्यापन’ (Document Verification) की बारीकियों और ‘क्या करें, क्या न करें’ के बारे में विस्तार से समझाया गया है। सेना का लक्ष्य है कि किसी भी योग्य युवा को जानकारी के अभाव में परेशानी न हो।
दलालों से रहें सावधान: सेना की सख्त चेतावनी
भारतीय सेना ने युवाओं को दलालों और ठगों से बचने की कड़ी चेतावनी दी है। भर्ती अधिकारियों का कहना है कि चयन प्रक्रिया पूरी तरह से मेरिट और पारदर्शिता पर आधारित है। कोई भी दलाल सेना में भर्ती कराने का सामर्थ्य नहीं रखता है। इसके साथ ही, शारीरिक क्षमता बढ़ाने वाली किसी भी प्रकार की प्रतिबंधित दवाओं या नशीले पदार्थों का सेवन न करने की सलाह दी गई है। पकड़े जाने पर अभ्यर्थी का चयन रद्द करने के साथ-साथ कानूनी कार्रवाई भी की जा सकती है।
प्रशासनिक मुस्तैदी
भर्ती स्थल का स्थलीय निरीक्षण करने पहुंचे अपर जिलाधिकारी के साथ कर्नल राहुल मेलगे और एआरटीओ सुरेंद्र कुमार सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। प्रशासन ने अभ्यर्थियों के रुकने, पानी और सुरक्षा व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम किए हैं ताकि सीमांत जिलों से आने वाले युवाओं को किसी भी तरह की असुविधा न हो।









