ऋषिकेश क्षेत्र में मंगलवार देर रात एक भीषण सड़क दुर्घटना में चार युवकों की मौके पर ही मौत हो गई। मनसा देवी मंदिर के पास रेलवे फाटक के नजदीक हरिद्वार से ऋषिकेश की ओर आ रही एक तेज रफ्तार कार सड़क किनारे खड़े ट्रक से टकराकर उसके नीचे जा घुसी। हादसा इतना भयावह था कि कार पूरी तरह क्षत-विक्षत हो गई और शवों को बाहर निकालने के लिए पुलिस को वाहन काटने पड़े।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, कार चालक ने अचानक सड़क पर आए एक जानवर को बचाने के प्रयास में वाहन को बाईं ओर मोड़ दिया, जिससे कार अनियंत्रित होकर सीधे खड़े ट्रक से जा टकराई। टक्कर के बाद कार ट्रक के नीचे फंस गई। हादसे के बाद सड़क पर मांस के लोथड़े बिखर गए, जिसे देखकर मौके पर मौजूद लोग सहम गए।
पुलिस के मुताबिक, यह दुर्घटना रात करीब 10:30 बजे हुई। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि कार बेहद तेज रफ्तार में थी और हादसे से कुछ देर पहले चालक ने एक के बाद एक कई वाहनों को लापरवाही से ओवरटेक किया था। अचानक संतुलन बिगड़ने के बाद कार ट्रक से टकरा गई।
सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और राहत व बचाव कार्य शुरू किया। कार को ट्रक से अलग करने के लिए क्रेन की मदद ली गई और वाहन को काटकर शव बाहर निकाले गए। पुलिस ने कार के नंबर के आधार पर वाहन स्वामी की पहचान सोनू कुमार निवासी चंद्रेश्वर मार्ग, ऋषिकेश के रूप में की है। हालांकि, उनसे संपर्क करने की कोशिश की गई लेकिन फोन नहीं उठ पाया।
कोतवाल केसी भट्ट ने बताया कि शुरुआती जांच में दो मृतकों की पहचान हो सकी है। मृतकों में धीरज जायसवाल (30) पुत्र दीनबंधु जायसवाल, निवासी चंद्रेश्वर नगर दुर्गा मंदिर रोड, ऋषिकेश और हरिओम (22) पुत्र अरविंद कुमार, निवासी हनुमान मंदिर गुमानीवाला, ऋषिकेश शामिल हैं। अन्य दो मृतकों की पहचान के प्रयास देर रात तक जारी रहे।
रफ्तार बनी मौत की वजह
प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि हादसे की मुख्य वजह तेज रफ्तार और लापरवाही से वाहन चलाना प्रतीत हो रहा है। अगर कार की गति नियंत्रित होती, तो संभवतः इतना बड़ा हादसा टल सकता था। पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है।








