बागेश्वर | उत्तराखंड के बागेश्वर जिले से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहाँ मात्र 21 दिन की एक मासूम बच्ची की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। इस मामले ने तब तूल पकड़ लिया जब बच्ची के दादा (ससुर) ने अपनी ही बहू पर अपनी पोती की हत्या करने का गंभीर आरोप लगाया। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए आरोपी मां के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया है।
यह घटना बैजनाथ कोतवाली क्षेत्र के जैसर गांव की है, जहाँ इस खबर के बाद से पूरे इलाके में मातम और सन्नाटा पसरा हुआ है।
क्या है पूरा मामला?
मिली जानकारी के अनुसार, जैसर गांव निवासी अंकित सिंह की 21 दिन की पुत्री ‘भूमि’ की बीती रात अचानक तबीयत बिगड़ गई थी। आनन-फानन में परिजन उसे लेकर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) बैजनाथ पहुंचे। हालांकि, अस्पताल पहुँचने तक काफी देर हो चुकी थी और डॉक्टरों ने परीक्षण के बाद मासूम को मृत घोषित कर दिया।
अस्पताल से मिली सूचना के बाद कोतवाल कैलाश सिंह बिष्ट पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे और बच्ची के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए जिला मुख्यालय भेजा। शुरुआती दौर में इसे सामान्य बीमारी से मौत माना जा रहा था, लेकिन मृतका के दादा के बयानों ने केस को पूरी तरह बदल दिया।
ससुर ने बहू के खिलाफ दर्ज कराया मुकदमा
मृतका के ससुर, केशर सिंह कोरंगा ने पुलिस को दी गई तहरीर में अपनी बहू दीपा देवी पर अपनी ही बेटी की हत्या करने का आरोप लगाया है। ससुर का दावा है कि दीपा ने ही साजिश के तहत मासूम भूमि को मौत के घाट उतारा है।
कोतवाल कैलाश सिंह बिष्ट ने बताया कि ससुर की प्राथमिकी (FIR) के आधार पर पुलिस ने आरोपी मां दीपा देवी के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 103 (1) के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस प्रशासन का कहना है कि मामले की जांच तेजी से चल रही है और जल्द ही आरोपी की गिरफ्तारी की जाएगी।
पारिवारिक कलह और ‘लव मैरिज’ का एंगल
स्थानीय लोगों और पुलिस की प्राथमिक जांच में कुछ चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं:
- पारिवारिक अनबन: बताया जा रहा है कि मृतका के माता-पिता की लव मैरिज (प्रेम विवाह) हुई थी। पिछले कुछ समय से परिवार में काफी अनबन और तनाव चल रहा था।
- पुलिस को पहले ही दी थी सूचना: गौर करने वाली बात यह है कि घटना से कुछ समय पहले खुद आरोपी मां ने भी घरेलू कलह को लेकर ‘डायल 112’ पर पुलिस को सूचना दी थी।
- पिता की अनुपस्थिति: जिस समय यह दुखद घटना घटी, बच्ची के पिता अंकित सिंह घर पर मौजूद नहीं थे।
पुलिस की कार्रवाई और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतज़ार
पुलिस अब इस गुत्थी को सुलझाने में जुटी है कि क्या वास्तव में एक मां ने अपनी 21 दिन की संतान की जान ली या फिर यह पारिवारिक रंजिश का कोई दूसरा सिरा है। पुलिस के अनुसार, पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के सही कारणों (जैसे गला घोंटना, जहर देना या कोई अन्य चोट) का खुलासा हो पाएगा।
कोतवाल कैलाश सिंह बिष्ट का बयान: “हमने तहरीर के आधार पर मामला दर्ज कर लिया है। शव का पंचायतनामा भरकर जांच शुरू कर दी गई है। कानून अपना काम करेगा और जो भी दोषी पाया जाएगा, उसे सख्त सजा दी जाएगी।”
निष्कर्ष
21 दिन की मासूम, जिसने अभी दुनिया को ठीक से देखा भी नहीं था, उसका इस तरह चले जाना समाज के लिए एक बड़ा सवाल है। यदि यह हत्या है, तो यह रिश्तों के कत्ल की एक खौफनाक मिसाल है। फिलहाल, पूरा जैसर गांव पुलिस की अगली कार्रवाई और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के खुलासे का इंतजार कर रहा है।






