मुख्य बिंदु:
- घटना स्थल: स्योहारा थाना क्षेत्र का गल्लाखेड़ी गांव, बिजनौर (उत्तर प्रदेश)।
- पीड़ित: बहू दीपांशी (30 वर्ष) और सास मिथिलेश (50 वर्ष)।
- वजह: कई दिनों से चल रहा घरेलू विवाद, जो बुधवार को अचानक चरम पर पहुंच गया।
- वर्तमान स्थिति: दोनों की हालत गंभीर, प्राथमिक उपचार के बाद हायर सेंटर रेफर; पुलिस जांच में जुटी।
बिजनौर।
उत्तर प्रदेश के बिजनौर जिले से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां घरेलू कलह ने इस कदर भयानक रूप अख्तियार कर लिया कि एक ही घर की दो महिलाओं ने मौत को गले लगाने की कोशिश की। स्योहारा थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले गांव गल्लाखेड़ी में मामूली बात से शुरू हुआ सास-बहू का झगड़ा देखते ही देखते आत्मघाती कदम में बदल गया।
आवेश में आकर बहू ने जहां खुद पर ज्वलनशील पदार्थ छिड़ककर आग लगा ली, वहीं दूसरी ओर सास ने भी जहरीला पदार्थ गटक लिया। दोनों को लहूलुहान और अचेत अवस्था में अस्पताल ले जाया गया, जहां उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए डॉक्टरों ने उन्हें हायर मेडिकल सेंटर रेफर कर दिया है। इस सनसनीखेज वाकये के बाद पूरे इलाके में सन्नाटा पसरा हुआ है।
क्या है पूरा मामला?
प्राप्त जानकारी के अनुसार, गल्लाखेड़ी गांव के निवासी अभिकांत यादव की 30 वर्षीय पत्नी दीपांशी और उनकी माता मिथिलेश (50 वर्ष) पत्नी अतर सिंह के बीच पिछले कुछ दिनों से लगातार किसी बात को लेकर अनबन चल रही थी। घर के भीतर सुलग रही यह कड़वाहट बुधवार को अचानक एक बड़े विस्फोट में बदल गई। प्रत्यक्षदर्शियों और पारिवारिक सूत्रों के मुताबिक, बुधवार सुबह किसी घरेलू बात को लेकर दोनों के बीच तीखी बहस शुरू हुई।
शुरुआत में यह सामान्य नोकझोंक लग रही थी, लेकिन देखते ही देखते दोनों पक्षों का गुस्सा सातवें आसमान पर पहुंच गया। दोनों में से कोई भी पीछे हटने को तैयार नहीं था और विवाद ने इतना तूल पकड़ लिया कि दोनों ही महिलाएं अपना मानसिक संतुलन और आपा खो बैठीं।
आवेश में उठाए आत्मघाती कदम
विवाद के चरम पर पहुंचते ही घर के भीतर चीख-पुकार मच गई। गुस्से और ग्लानि से भरी बहू दीपांशी ने कमरे में रखा मिट्टी का तेल (केरोसिन) अपने ऊपर उड़ेल लिया और खुद को आग के हवाले कर दिया। आग की लपटों में घिरी दीपांशी को देखकर घर में कोहराम मच गया। अभी परिजन कुछ समझ पाते और बहू को बचाने का प्रयास करते, तभी दूसरी तरफ गुस्से और कशमकश में डूबी सास मिथिलेश ने भी घर में रखा खतरनाक जहरीला पदार्थ खा लिया।
एक ही पल में घर के भीतर दो बड़ी त्रासदियां घट गईं। एक तरफ बहू आग की लपटों से जूझ रही थी, तो दूसरी तरफ जहर के असर से सास की तबीयत बिगड़ने लगी। घर के बाकी सदस्यों और चीख-पुकार सुनकर दौड़े पड़ोसियों ने आनन-फानन में आग पर काबू पाया और दोनों महिलाओं को तुरंत नजदीकी स्थानीय अस्पताल पहुंचाया।
हालत चिंताजनक, हायर सेंटर रेफर
अस्पताल पहुंचते ही डॉक्टरों की टीम ने दोनों का आपातकालीन इलाज शुरू किया। हालांकि, बहू दीपांशी आग से काफी हद तक झुलस चुकी है और सास मिथिलेश के शरीर में जहर पूरी तरह फैल चुका था। स्थानीय डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार के बाद बताया कि दोनों की स्थिति अत्यंत नाजुक और चिंताजनक बनी हुई है।
स्थानीय स्तर पर पर्याप्त संसाधन न होने के कारण डॉक्टरों ने बिना समय गंवाए दोनों को तत्काल किसी बड़े हायर मेडिकल सेंटर के लिए रेफर कर दिया, जहां वर्तमान में वे जिंदगी और मौत के बीच जंग लड़ रही हैं।
डॉक्टरों का बयान:
“मरीजों की हालत काफी गंभीर है। बहू का शरीर काफी प्रतिशत झुलस चुका है, वहीं सास पर जहर का गहरा असर है। उन्हें वेंटिलेटर सपोर्ट और गहन निगरानी की आवश्यकता है, जिसके चलते उन्हें हायर सेंटर भेजा गया है।”
पुलिसिया कार्रवाई और जांच के बिंदु
इस खौफनाक वारदात की भनक लगते ही स्योहारा थाना पुलिस की टीम दलबल के साथ मौके पर पहुंच गई। पुलिस ने घटनास्थल का मुआयना किया और घर से साक्ष्य जुटाए। इस मामले में पुलिस परिजनों और आस-पड़ोस के लोगों से पूछताछ कर रही है ताकि विवाद की असली वजह का पता लगाया जा सके।
पुलिस अधिकारियों का कहना है:
- घटना के हर पहलू की बारीकी से जांच की जा रही है।
- यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि क्या यह महज एक तात्कालिक विवाद था या इसके पीछे कोई पुरानी रंजिश या प्रताड़ना का मामला है।
- फिलहाल दोनों घायल महिलाओं के बयान दर्ज करने की स्थिति में आने का इंतजार किया जा रहा है। उनके बयानों के आधार पर ही आगे की कानूनी कार्रवाई (FIR) की जाएगी।
इलाके में पसरा सन्नाटा, चर्चाओं का बाजार गर्म
गल्लाखेड़ी गांव में हुई इस दिल दहला देने वाली घटना के बाद से हर कोई स्तब्ध है। ग्रामीण इस बात पर यकीन नहीं कर पा रहे हैं कि रोज-रोज की घरेलू नोकझोंक इस कदर खूनी मोड़ ले लेगी। गांव के चौराहों से लेकर गलियों तक सिर्फ इसी घटना की चर्चा है।
\लोग इस बात को लेकर भी हैरान हैं कि आखिरकार वह क्या वजह थी, जिसने सास और बहू दोनों को एक ही समय पर इतना कठोर और आत्मघाती कदम उठाने पर मजबूर कर दिया। फिलहाल, पूरा परिवार इस दोहरे संकट से सदमे में है और सभी की नजरें अस्पताल से आने वाली मेडिकल रिपोर्ट पर टिकी हैं।










