उत्तर भारत में इन दिनों मौसम ने अचानक करवट ले ली है। पहाड़ी इलाकों से लेकर मैदानी राज्यों तक सर्दी का असर तेज़ हो गया है। जहां दिल्ली और उत्तर प्रदेश में घना कोहरा और शीतलहर लोगों की मुश्किलें बढ़ा रही है, वहीं हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड और जम्मू-कश्मीर में भारी बर्फबारी और हिमस्खलन की घटनाएं सामने आ रही हैं। कई स्थानों पर सड़क संपर्क बाधित हुआ है और जनजीवन प्रभावित हुआ है।
दिल्ली-यूपी में कोहरे का कहर, शीतलहर का अलर्ट
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में सुबह के समय घना कोहरा छाया रहता है, जिससे दृश्यता बेहद कम हो जाती है। इसका असर सड़क, रेल और हवाई यातायात पर साफ तौर पर देखा जा रहा है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने दिल्ली में शीतलहर की चेतावनी जारी की है। यहां न्यूनतम तापमान 8 से 10 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया जा रहा है, जबकि अधिकतम तापमान 17 से 20 डिग्री तक रहने की संभावना है।
उत्तर प्रदेश के लखनऊ, नोएडा, सहारनपुर सहित कई जिलों में भी घना कोहरा और ठंड का प्रकोप जारी है। पश्चिमी और मध्य यूपी में सुबह और शाम के समय कोहरा ज्यादा घना हो रहा है, जिससे ठंड का असर और तेज महसूस किया जा रहा है।
हिमाचल प्रदेश में हिमस्खलन और हादसे
हिमाचल प्रदेश के चंबा जिले के भरमौर और पांगी क्षेत्र में तीन अलग-अलग स्थानों पर हिमस्खलन की घटनाएं सामने आई हैं। मंगलवार देर रात हुए हिमस्खलन में तीन दुकानें और दो पिकअप वाहन बर्फ और मलबे में दब गए। राहत की बात यह रही कि हादसे के वक्त वहां कोई मौजूद नहीं था।
सिरमौर जिले के हरिपुरधार में बर्फ पर फिसलने से पर्यटकों की कार खेत में जा गिरी, जिसमें हरियाणा के पंचकूला निवासी जगपाल की मौत हो गई। वहीं, चंबा-पठानकोट राष्ट्रीय राजमार्ग पर भूस्खलन के चलते पहाड़ी से गिरी चट्टान एक चलती स्कॉर्पियो पर आ गिरी, जिससे वाहन क्षतिग्रस्त हो गया और चालक को मामूली चोटें आईं।
मनाली में पुलिस ने कई जगह फंसे पर्यटक वाहनों को सुरक्षित बाहर निकाला। सोलंगनाला की ओर गए करीब 400 पर्यटक वाहन नाग मंदिर के पास फंस गए थे, जिन्हें बाद में सुरक्षित निकाल लिया गया।
उत्तराखंड में भारी बर्फबारी, केदारनाथ में 4 फीट तक बर्फ
उत्तराखंड के प्रसिद्ध पर्यटन स्थलों धनोल्टी, औली, बुरांशखंडा, काणाताल और टिहरी में बड़ी संख्या में पर्यटक पहुंच रहे हैं। हालांकि, बर्फबारी के चलते राज्य में दो दर्जन से अधिक संपर्क मार्ग बंद हो गए हैं।
केदारनाथ धाम में तीन से चार फीट तक बर्फ जम चुकी है। यहां तैनात आईटीबीपी और पुलिस के जवान लगातार आवासीय भवनों की छतों से बर्फ हटाने में जुटे हुए हैं। कई क्षेत्रों में पेयजल और बिजली आपूर्ति भी प्रभावित हुई है। सीमा सड़क संगठन और लोक निर्माण विभाग की टीमें सड़कों को खोलने का काम कर रही हैं। मौसम विभाग के अनुसार गुरुवार को पर्वतीय इलाकों में हल्की बारिश और बर्फबारी के आसार बने हुए हैं।
जम्मू-कश्मीर: हाईवे आंशिक रूप से खुला, उड़ानें बहाल
जम्मू-कश्मीर में भारी बर्फबारी और फिसलन के कारण दो दिनों से बंद जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग को बुधवार को आंशिक रूप से खोल दिया गया। रास्ते में फंसे वाहनों को सुरक्षित निकाला गया।
मौसम में सुधार के बाद श्रीनगर अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से उड़ानों का संचालन भी फिर से शुरू हो गया है। किश्तवाड़ जिले के हस्ती पुल के पास हुए भूस्खलन में दर्जनों मवेशी दब गए, हालांकि चरवाहे सुरक्षित बच निकले।
कुलगाम में कार के अंदर हीटर जलाकर सो रहे 32 वर्षीय युवक की दम घुटने से मौत हो गई। वहीं, गांदरबल जिले के सोनमर्ग पर्यटन स्थल पर मंगलवार रात भारी हिमस्खलन हुआ, जिसमें कुछ घरों और होटलों को नुकसान पहुंचा और कई वाहन क्षतिग्रस्त हो गए। हालांकि, इस घटना में किसी के हताहत होने की खबर नहीं है। मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में और बर्फबारी की संभावना जताई है।
यूपी, पंजाब और हरियाणा में ओलावृष्टि
पश्चिमी उत्तर प्रदेश, पंजाब, हरियाणा, मध्य प्रदेश और मध्य महाराष्ट्र के कुछ हिस्सों में ओलावृष्टि दर्ज की गई। पूर्वी उत्तर प्रदेश में 30 से 95 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलीं।
पंजाब, पश्चिमी यूपी, हरियाणा और राजस्थान में कई स्थानों पर घना से बहुत घना कोहरा छाया रहा, जहां दृश्यता 50 मीटर तक सिमट गई। मैदानी इलाकों में सबसे कम न्यूनतम तापमान पंजाब के अमृतसर में 3.7 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।
पश्चिमी विक्षोभ का असर, फिर बदलेगा मौसम
मौसम विभाग के अनुसार 31 जनवरी से 2 फरवरी के बीच एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो सकता है। इसके प्रभाव से पश्चिमी हिमालयी क्षेत्रों के साथ-साथ उत्तर-पश्चिम भारत के कई हिस्सों में मौसम प्रभावित रहने की संभावना है।
उत्तराखंड का आगे का मौसम
उत्तराखंड में भारी बारिश और बर्फबारी के बाद फिलहाल मौसम साफ हो गया है। पहाड़ से मैदान तक धूप खिलने से लोगों को राहत मिली है, लेकिन ऊंचाई वाले क्षेत्रों में हालात अभी भी चुनौतीपूर्ण बने हुए हैं। आगामी शनिवार से एक बार फिर मौसम में बदलाव देखने को मिल सकता है। उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर और पिथौरागढ़ के पर्वतीय इलाकों में हल्की बारिश और बर्फबारी की संभावना है, जबकि मैदानी क्षेत्रों में मौसम शुष्क रहने का अनुमान है।
1 फरवरी से बारिश का नया दौर
31 जनवरी और 1 फरवरी को मौसम एक बार फिर करवट ले सकता है। तेज हवाओं के साथ बादल छाने और बारिश का नया दौर शुरू होने की संभावना है। इसके चलते 1 फरवरी को उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश और दिल्ली-एनसीआर समेत कई राज्यों में बारिश देखने को मिल सकती है।
उत्तराखंड से कश्मीर तक दोबारा बर्फबारी के आसार, 1 फरवरी से कई राज्यों में बारिश की चेतावनी; केदारनाथ में जमी 4 फीट बर्फ
On: January 29, 2026 3:51 AM






