उत्तराखंड में शहीदों के प्रति सम्मान और श्रद्धा प्रकट करने के उद्देश्य से 25 सितंबर से 4 अक्टूबर तक शहीद सम्मान यात्रा-2.0 का आयोजन किया जा रहा है। इस यात्रा की शुरुआत मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी करेंगे। मुख्यमंत्री सहस्रधारा रोड स्थित गुजराड़ा मानसिंह गांव में जाकर शहीद नायक नरेश कुमार के घर से इस यात्रा का शुभारंभ करेंगे।
यात्रा शहीद के घर से प्रारंभ होकर शौर्य स्थल चीड़बाग में संपन्न होगी। यहां पर शहीदों के घरों के आंगन की मिट्टी एकत्र कर उसे पवित्र कलश में रखा जाएगा। यह कलश आगे शौर्य यात्रा रथ के साथ प्रदेशभर में ले जाया जाएगा।
प्रशासनिक तैयारियां पूरी
इस यात्रा को सफल बनाने के लिए प्रशासन ने व्यापक तैयारियां की हैं। बुधवार को अपर जिलाधिकारी (वित्त) केके मिश्रा की अध्यक्षता में बैठक आयोजित हुई, जिसमें लोक निर्माण विभाग, पुलिस, परिवहन, स्वास्थ्य, नगर निगम और सैनिक कल्याण विभाग के अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। अधिकारियों से कहा गया कि यात्रा की सुरक्षा, यातायात व्यवस्था और स्वास्थ्य सुविधाओं में किसी प्रकार की कमी न रहे।
दो चरणों में होगी यात्रा
शहीद सम्मान यात्रा दो चरणों में संपन्न होगी। पहले चरण की शुरुआत आज मुख्यमंत्री धामी द्वारा शहीद नायक नरेश कुमार के घर से की गई। इस मौके पर सैनिक कल्याण मंत्री, रायपुर विधायक, सेवानिवृत्त सैन्य अधिकारी, जनप्रतिनिधि, समाजसेवी और आम नागरिक भी उपस्थित रहेंगे।
दूसरे चरण में, 4 अक्टूबर को शौर्य स्थल चीड़बाग में जिला स्तरीय कार्यक्रम होगा। यहां एक गरिमामय समारोह के साथ शौर्य स्थल में रखे गए शहीदों की पवित्र माटी के कलश वाले शहीद यात्रा रथ को लैंसडौन के लिए रवाना किया जाएगा। इस अवसर पर शहीदों के परिजन भी विशेष रूप से शामिल होंगे।
सम्मान और बलिदान का प्रतीक
यह यात्रा न केवल शहीदों के बलिदान का स्मरण कराएगी, बल्कि युवाओं को राष्ट्रभक्ति और कर्तव्यनिष्ठा का संदेश भी देगी। शौर्य स्थल चीड़बाग से लेकर लैंसडौन तक यह यात्रा पूरे प्रदेश में शहीदों के सम्मान का माहौल बनाएगी।
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