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उत्तराखंड में मूसलधार बारिश से तबाही, तीन जिलों में बादल फटने से 8 की मौत, कई लोग लापता

On: August 29, 2025 6:50 AM
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उत्तराखंड में लगातार हो रही मूसलधार बारिश ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है। चमोली, रुद्रप्रयाग और नई टिहरी जिलों में बादल फटने से जगह-जगह भूस्खलन की घटनाएं सामने आई हैं। रुद्रप्रयाग में कई घर और वाहन मलबे में दब गए, जिसमें छह लोग लापता बताए जा रहे हैं। वहीं चमोली जिले के देवाल मोपाटा गांव में भूस्खलन की चपेट में आने से एक दंपती की मौत हो गई।

कई जिलों में भारी नुकसान

गुरुवार देर रात हुई अतिवृष्टि से चमोली, रुद्रप्रयाग, टिहरी और बागेश्वर सबसे ज्यादा प्रभावित हुए हैं।

बागेश्वर के पोसारी गांव में एक भवन ध्वस्त होने से पांच लोगों की मौत हो गई।

चमोली में भूस्खलन से घर दबने पर दंपती की जान चली गई।

रुद्रप्रयाग के बड़ेथ डुंगर तोक क्षेत्र में भूस्खलन से एक महिला की मौत हुई, जबकि आठ लोग अभी भी लापता हैं, जिनमें चार नेपाली श्रमिक भी शामिल हैं।

सड़क और नदी मार्ग बाधित

भारी वर्षा और भूस्खलन से प्रदेश की सड़क व्यवस्था बुरी तरह प्रभावित हुई है।

उत्तरकाशी में गंगोत्री और यमुनोत्री हाईवे पूरी तरह बंद हैं।

पौड़ी के श्रीनगर में अलकनंदा नदी का जलस्तर बढ़कर बदरीनाथ हाईवे तक पहुंच गया है।

हल्द्वानी-भीमताल हाईवे भी रानीबाग के पास भूस्खलन से अवरुद्ध हो गया है।

देहरादून के दूधली क्षेत्र में सुसवा नदी में बहकर गए सात वर्षीय बालक का शव मिला है।

राहत-बचाव कार्य जारी

आपदा प्रभावित इलाकों में एसडीआरएफ, एनडीआरएफ, पुलिस और जिला प्रशासन लगातार राहत एवं बचाव कार्य में जुटे हैं। कई स्थानों पर मलबा हटाने और लापता लोगों को खोजने का काम चल रहा है। वहीं हरिद्वार में मूसलधार बारिश से शहर के कई हिस्सों में जलभराव हो गया है।

पांच जिलों में स्कूल बंद

प्रशासन ने प्रतिकूल मौसम को देखते हुए पांच जिलों के स्कूलों में अवकाश घोषित कर दिया है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी लगातार जिलाधिकारियों से संपर्क में हैं और उन्होंने वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक कर राहत और पुनर्वास कार्य तेज करने के निर्देश दिए हैं।

बसुकेदार क्षेत्र से अपडेट

छेनागाड़ इलाके में भारी नुकसान की खबर है, जहां चार स्थानीय और चार नेपाली श्रमिक मलबे में दबे होने की आशंका है। यहां सात से आठ स्थानों पर रास्ते टूटने से राहत दलों को पहुंचने में देरी हुई। हालांकि अब रेस्क्यू टीमें मौके पर पहुंच चुकी हैं और राहत-बचाव कार्य जारी है।

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