मानसून ने तोड़ी उत्तराखंड की 2500 सड़कें, 300 करोड़ से ज्यादा का नुकसान, अब चुनौती मरम्मत की - Doonprimenews
अल्मोड़ा बागेश्वर चमोली चम्पावत देहरादून हरिद्वार नैनीताल पौड़ी गढ़वाल पिथौरागढ़ रुद्रप्रयाग टिहरी गढ़वाल उधम सिंह नगर उत्तरकाशी

मानसून ने तोड़ी उत्तराखंड की 2500 सड़कें, 300 करोड़ से ज्यादा का नुकसान, अब चुनौती मरम्मत की

On: August 21, 2025 9:31 AM
Follow Us:

सड़कों पर तबाही का मंजर

उत्तराखंड में इस बार मानसून ने सड़कों को सबसे ज्यादा प्रभावित किया है। भारी बारिश और भूधंसाव के चलते 2500 से अधिक सड़कें क्षतिग्रस्त हो गईं। कई जगह सड़कें चलने लायक नहीं रहीं, तो कई जगह पूरी सड़क बह गई। इससे लोक निर्माण विभाग (लोनिवि) को ही अकेले 300 करोड़ रुपये से ज्यादा का नुकसान हुआ है।

हर दिशा से जुड़ रहा "उत्तराखण्ड"

गढ़वाल क्षेत्र में सबसे ज्यादा नुकसान

स्वरोजगार एवं उद्यमिता योजनाएँ

गढ़वाल में सड़कों की हालत सबसे खराब हुई है। अकेले गढ़वाल मंडल में 1193 सड़कें टूट गईं, जबकि कुमाऊं मंडल में 492 सड़कों को नुकसान पहुंचा।
जिलावार स्थिति इस प्रकार है:

टिहरी – 295 सड़कें

पौड़ी – 378 सड़कें

चमोली – 106 सड़कें

रुद्रप्रयाग – 94 सड़कें

उत्तरकाशी – 120 सड़कें

देहरादून – 119 सड़कें

हरिद्वार – 31 सड़कें

अल्मोड़ा – 197 सड़कें

पिथौरागढ़ – 100 सड़कें

बागेश्वर – 73 सड़कें

नैनीताल – 93 सड़कें

चम्पावत – 40 सड़कें

ऊधमसिंहनगर – 08 सड़कें

238 मार्ग अब भी बंद, पर्यटक और स्थानीय लोग परेशान

प्रदेश के 238 रास्ते अभी भी बंद पड़े हैं। इसका सीधा असर बाहरी राज्यों से आने वाले पर्यटकों और स्थानीय लोगों पर पड़ रहा है। खासकर दिल्ली-एनसीआर, हरियाणा और उत्तर प्रदेश से आने वाले सैलानियों को सबसे ज्यादा दिक्कत झेलनी पड़ रही है। कई मार्ग ऐसे हैं, जिनकी मरम्मत संभव नहीं है।

जेसीबी और पोकलेन मशीनें जुटीं राहत कार्य में

फिलहाल 690 जेसीबी और पोकलेन मशीनें लगातार मलबा हटाने के काम में लगी हुई हैं। लेकिन स्थायी मरम्मत का काम बजट मिलने के बाद ही शुरू हो पाएगा। सरकार को 34.98 करोड़ रुपये सिर्फ मार्ग खोलने के लिए और 343.02 करोड़ रुपये सड़कों को पूर्व स्थिति में लाने के लिए चाहिए।

सड़कें टूटीं तो गांव कैद हो गए

उत्तराखंड में सड़क कटने का मतलब है – गांवों का बाहरी दुनिया से पूरी तरह कट जाना।

उत्तरकाशी (दुर्बिल गांव) – राजकीय इंटर कॉलेज राना में पढ़ने जाने वाले बच्चों को हर दिन जान जोखिम में डालकर आना-जाना पड़ रहा है।

बड़कोट क्षेत्र – सड़क कटने से यमुनोत्री हाईवे से लगे कई गांवों के बच्चे स्कूल तक नहीं पहुंच पा रहे।

पिथौरागढ़ (घंटाकरण-रई लिंक रोड) – सड़क टूटने से पुनेड़ी, लिंठ्यूड़ा जैसे गांवों के लोग रोजमर्रा की जरूरतों के लिए परेशान हैं।

बीमार और बुजुर्गों को कंधे पर उठाकर या कंडी के सहारे सड़क तक लाना पड़ रहा है। यह स्थिति पहाड़ों में जिंदगी की असली मुश्किलों को बयां करती है।

यह भी पढें- Uttarakhand News: रुद्रपुर के नाले में मिला नवजात शिशु का शव, क्षेत्र में फैली सनसनी

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

और पढ़ें

​Uttarakhand Weather: दीपावली पर मैदानों में शुष्क मौसम, पहाड़ों में बारिश और ठंड का अलर्ट

Uttarakhand Sthapna Diwas 2026: धामी सरकार राज्य आंदोलनकारियों को देगी बड़ी सौगात, नियुक्तियों और पेंशन की अड़चन होगी दूर

Uttarakhand Weather Update: दीपावली पर पहाड़ों में बारिश-बर्फबारी के आसार, देहरादून समेत मैदानी इलाकों में रहेगा मौसम शुष्क

​Harak Singh Rawat Rape Case: 23 साल पुराने दुष्कर्म मामले में पूर्व मंत्री की बढ़ीं मुश्किलें, पुलिस ने दिए जांच के आदेश

Uttarakhand News: धामी सरकार का बड़ा फैसला! शैय्याग्रस्त राज्य आंदोलनकारियों को हर महीने मिलेंगे 20 हजार रुपये, सहायक की भी होगी व्यवस्था

Amit Shah Uttarakhand Visit: उत्तराखंड में अमित शाह ने फूंका 2027 चुनाव का बिगुल, BJP का मिशन 65 पार; कांग्रेस पर साधा निशाना

Leave a Comment