नई दिल्ली। उत्तर भारत समेत देश के कई हिस्सों में मौसम ने एक बार फिर करवट ले ली है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने 7 और 8 अप्रैल के लिए देश के 20 राज्यों में तेज आंधी, गरज-चमक और भारी बारिश का ‘ऑरेंज अलर्ट’ जारी किया है। पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) के सक्रिय होने के कारण दिल्ली-एनसीआर, पंजाब, हरियाणा और उत्तर प्रदेश में जहां ओलावृष्टि की संभावना है, वहीं उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश के ऊपरी इलाकों में भारी बर्फबारी के आसार बन रहे हैं।
दिल्ली-एनसीआर में सुबह-सुबह बदला मौसम, झमाझम बारिश से लुढ़का पारा
राजधानी दिल्ली और एनसीआर के इलाकों में मंगलवार सुबह की शुरुआत झमाझम बारिश के साथ हुई। मौसम विभाग के अनुसार, दिल्ली में आज दिन भर बादल छाए रहेंगे और रुक-रुक कर दो से तीन बार बारिश होने की संभावना है। इस दौरान 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलेंगी। बारिश और ठंडी हवाओं के कारण तापमान में गिरावट दर्ज की गई है, जिससे लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिली है, लेकिन ओलावृष्टि की चेतावनी ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है।
उत्तराखंड और हिमाचल में बर्फबारी और भारी बारिश का अलर्ट
पहाड़ी राज्यों की बात करें तो उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश में अगले 48 घंटे काफी भारी रहने वाले हैं।
- उत्तराखंड: चारधाम समेत ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी की संभावना है। निचले इलाकों में भारी बारिश और ओलावृष्टि को लेकर प्रशासन को सतर्क रहने को कहा गया है।
- हिमाचल प्रदेश: यहां 7 और 8 अप्रैल को भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। सैलानियों को सलाह दी गई है कि वे ऊंचाई वाले इलाकों की यात्रा करने से बचें, क्योंकि बारिश और बर्फबारी के कारण भूस्खलन (Landslides) का खतरा बढ़ सकता है।
इन 20 राज्यों में रहेगा मौसम का असर
मौसम विभाग ने 7 अप्रैल को देश के लगभग हर कोने में मौसम खराब रहने का अनुमान लगाया है। जिन राज्यों में आंधी-बारिश का अलर्ट है, उनमें शामिल हैं:
हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, पंजाब, हरियाणा, दिल्ली, उत्तर प्रदेश, राजस्थान, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल, सिक्किम, ओडिशा, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश, कर्नाटक और तमिलनाडु।
इसके अलावा पूर्वोत्तर भारत के असम, मेघालय और अरुणाचल प्रदेश में भी हल्की से मध्यम बारिश की संभावना जताई गई है।
7 और 8 अप्रैल का विस्तृत पूर्वानुमान
मौसम विशेषज्ञों के मुताबिक, वायुमंडल में बने दबाव के क्षेत्र के कारण हवाओं की रफ्तार 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुँच सकती है।
- मैदानी इलाके (यूपी, राजस्थान, बिहार): उत्तर प्रदेश और पूर्वी राजस्थान में गरज-चमक के साथ मध्यम बारिश होगी। बिहार और झारखंड में 9 अप्रैल तक बिजली गिरने (Thunderstorm) के साथ बारिश की संभावना है।
- ओलावृष्टि की चेतावनी: पंजाब, हरियाणा, राजस्थान और पश्चिमी यूपी के कुछ हिस्सों में ओले गिर सकते हैं, जिससे खड़ी फसलों को नुकसान पहुँचने की आशंका है।
- मध्य और पूर्वी भारत: मध्य प्रदेश और ओडिशा में 7 से 9 अप्रैल के बीच गरज के साथ बौछारें पड़ने का अनुमान है।
किसानों के लिए बढ़ी चिंता
अप्रैल का महीना रबी की फसलों की कटाई और मड़ाई का होता है। ऐसे समय में बारिश और ओलावृष्टि किसानों के लिए किसी मुसीबत से कम नहीं है। कृषि विशेषज्ञों ने किसानों को सलाह दी है कि यदि फसल कट चुकी है, तो उसे सुरक्षित स्थानों पर रखें और खुले में अनाज न छोड़ें। ओलावृष्टि से गेहूं और सरसों की फसल को काफी नुकसान पहुँच सकता है।
विभाग की सलाह: सतर्क रहें
मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि आंधी-तूफान के दौरान ऊंचे पेड़ों और बिजली के खंभों के नीचे शरण न लें। तेज हवाओं के कारण कच्चे मकानों और टीन शेड को नुकसान पहुँच सकता है। विशेष रूप से पहाड़ी क्षेत्रों में यात्रा करने वाले लोग मौसम की पल-पल की जानकारी लेकर ही आगे बढ़ें।
आने वाले दो दिनों में पूरे उत्तर और मध्य भारत में धूल भरी आंधी और बारिश का दौर जारी रहने वाला है, जिससे तापमान सामान्य से नीचे बना रहेगा।








